वैशाली। बिहार के वैशाली जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने पूरे पुलिस महकमे को कटघरे में खड़ा कर दिया है। आरोप है कि चोर के घर छापेमारी करने गई पुलिस ने ही चोरी कर ली। मामला सामने आते ही वैशाली एसपी ललित मोहन शर्मा ने कड़ा एक्शन लेते हुए दो पुलिस अधिकारियों को तत्काल सस्पेंड कर दिया है। एसपी की यह कार्रवाई जिले भर में चर्चा का विषय बनी हुई है।
क्या है पूरा मामला?
एसपी ललित मोहन शर्मा के मुताबिक, 31 दिसंबर को सदर एसडीपीओ-2 के नेतृत्व में लालगंज थाना पुलिस ने बिलनपुर गांव में छापेमारी कर एक पति-पत्नी द्वारा संचालित कथित चोर गिरोह का खुलासा किया था। छापेमारी रामप्रीत सहनी के घर पर की गई, जिस पर चोरी की कई घटनाओं में संलिप्त होने का आरोप है।
बरामदगी पर उठा बड़ा सवाल
पुलिस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर दावा किया था कि छापेमारी के दौरान—
- चोरी के बर्तन
- एलसीडी टीवी
- कारतूस समेत अन्य सामान
बरामद किए गए हैं।
लेकिन मामला तब तूल पकड़ गया, जब आरोप लगा कि घर से कई किलो सोना, चांदी और भारी मात्रा में नकदी भी मिली थी, जिसे पुलिस ने जब्ती सूची में शामिल नहीं किया।
पड़ोसी का बड़ा आरोप
रामप्रीत सहनी के पड़ोसी गेनालाल सहनी ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है—
- पुलिस ने घर से 50–60 लाख रुपये नकद,
- 2 किलो सोना,
- 6 किलो चांदी
ले ली, लेकिन इसका कोई रिकॉर्ड नहीं बनाया।
उन्होंने दावा किया कि सरकारी गवाह बनी गांव की एक महिला ने भी पुलिस को सामान ले जाते देखा है।
“जब्ती सूची में सिर्फ राइफल, गोलियां, टीवी और बर्तन दिखाए गए हैं, लेकिन असली कीमती सामान पुलिस ने हड़प लिया।”
— गेनालाल सहनी, पड़ोसी
बिना मीडिया और वीडियोग्राफी के छापेमारी
आरोप यह भी है कि छापेमारी के दौरान—
- कोई मीडिया मौजूद नहीं था
- कार्रवाई की वीडियो रिकॉर्डिंग नहीं की गई
- जब्ती सूची मौके पर तैयार नहीं की गई
पड़ोसियों का कहना है कि यह सब पुलिस की मनमानी और गड़बड़ी की ओर इशारा करता है।
एसपी ने माना गंभीर चूक
एसपी ललित मोहन शर्मा ने बताया कि—
- छापेमारी की वीडियोग्राफी नहीं होना गंभीर लापरवाही है
- जब्त सामान में सोना, चांदी और नकदी गायब होने की बात सामने आई है
- मामले की जानकारी डीआईजी को दी गई, उनके निर्देश पर कार्रवाई हुई
दो पुलिस अधिकारी सस्पेंड
एसपी ने स्पष्ट किया—
“लालगंज थाना अध्यक्ष संतोष कुमार और सब-इंस्पेक्टर सुमन झा को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड किया गया है। जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”
— ललित मोहन शर्मा, एसपी, वैशाली
जांच जारी, बढ़ सकती है कार्रवाई
फिलहाल पूरे मामले की विभागीय और प्रशासनिक जांच चल रही है। अगर आरोप सही पाए गए, तो सस्पेंड अधिकारियों पर एफआईआर और आपराधिक कार्रवाई भी संभव है।


