
स्मार्ट मीटर में अत्याधुनिक सुविधाएं दी गई है। इसमें बिजली बिल निकालने की व्यवस्था नहीं होती है। यह प्रीपेड मीटर होता है। मोबाइल की तरह रिचार्ज कराना होता है। पहले रिचार्ज कराने के बाद बिजली की आपूर्ति शुरू होती है। अगर रिचार्ज खत्म हो जाता है तो घर की बिजली भी गुल हो जाती है। इसके लगने से न तो मीटर रीडर की ड्यूटी लगानी होगी और न ही बकाया ही उपभोक्ताओं पर रहेगा। इससे उपभोक्ता के साथ बिजली विभाग को भी लाभ होगा।
भागलपुर के जगदीशपुर बाजार पर एक दुकान व घर में लगे स्मार्ट मीटर में रीचार्ज रहने बाबजूद भी 24 घंटे तक बिजली काट दी गयी। ऐसा ही और मामला कनेरी गांव के नंदन साह का भी है।
स्मार्ट मीटर रीचार्ज होने के बावजूद कट गई बिजली https://t.co/LL4kq8c94w pic.twitter.com/towAc8Xnq7
— Voice Of Bihar (@vobonlinenewss) December 20, 2023
यहां तक की कस्टमर केयर में बार-बार बात करने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हो पाया। पीड़ित उपभोक्ता सह सरपंच भारती देवी ने बताया कि स्मार्ट मीटर में कई समस्याएं हो रहीं हैं। सोमवार को सुबह करीब दस बजे ही बिजली कटने मंगलवार दोपहर में बिजली ठीक की गयी।
साथ ही बताया कि मेरा जनरल स्टोर का दुकान है, जिसमें केक आदि बिजली नहीं रहने से खराब होने का डर है।


