
भागलपुर: भागलपुर जिले में गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। पिछले एक सप्ताह से जारी बढ़ोतरी के बीच मंगलवार को कहलगांव में सबसे अधिक 28 सेंटीमीटर जलस्तर बढ़ा दर्ज किया गया। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार, जिले के अधिकांश घाटों पर गंगा के जलस्तर में वृद्धि हुई है, हालांकि कई स्थानों पर नदी अभी भी चेतावनी स्तर से नीचे बह रही है।
कई घाटों पर बढ़ा जलस्तर
केंद्रीय जल आयोग की रिपोर्ट के अनुसार, मंगलवार को बक्सर में 18 सेंटीमीटर, दीघा में 2 सेंटीमीटर, गांधी घाट में 1 सेंटीमीटर, हाथीदह में 16 सेंटीमीटर, मुंगेर में 11 सेंटीमीटर, भागलपुर में 20 सेंटीमीटर और कहलगांव में 28 सेंटीमीटर जलस्तर बढ़ा। वहीं, कोसी नदी के जलस्तर में भी वृद्धि दर्ज की गई है।
नेपाल में बारिश से बढ़ा दबाव
नेपाल के तराई क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश और कोसी बराज से पानी छोड़े जाने के कारण नदियों का जलस्तर बढ़ रहा है। इसका असर बिहार के कई जिलों में देखने को मिल रहा है। सहारसा के सलखुआ, महिषी और नवहट्टा प्रखंडों में बाढ़ और कटाव का खतरा बढ़ गया है, जबकि अररिया जिले में परमान नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है।
दियारा क्षेत्र में बढ़ी किसानों की चिंता
गंगा और कोसी के बढ़ते जलस्तर से दियारा क्षेत्र के खेतों में पानी फैलने लगा है। इससे सब्जी और मक्का की फसल प्रभावित होने की आशंका बढ़ गई है। संभावित बाढ़ को देखते हुए पशुपालक भी अपने मवेशियों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने की तैयारी कर रहे हैं।
श्रावणी मेले को लेकर प्रशासन सतर्क
श्रावणी मेले को देखते हुए जिला प्रशासन ने सुल्तानगंज के सीढ़ी घाट, नमामि गंगे घाट और जहाज घाट सहित अन्य प्रमुख स्थलों पर सुरक्षा और कटाव-रोधी कार्य तेज कर दिए हैं। जल संसाधन विभाग के अधिकारियों के अनुसार जिले के सभी तटबंध फिलहाल सुरक्षित हैं और स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।


