पटना | 20 मार्च 2026: बिहार के मुख्यमंत्री की बहुचर्चित ‘समृद्धि यात्रा’ के पांचवें चरण का कार्यक्रम जारी कर दिया गया है। इस चरण के तहत मुख्यमंत्री राज्य के कई महत्वपूर्ण जिलों का दौरा करेंगे और 26 मार्च को राजधानी पटना में इसका समापन होगा।
इन जिलों का करेंगे दौरा
जारी कार्यक्रम के अनुसार, समृद्धि यात्रा का पांचवां चरण 23 मार्च से शुरू होगा। पहले दिन मुख्यमंत्री जहानाबाद और अरवल पहुंचेंगे। इसके बाद 24 मार्च को कैमूर और रोहतास, 25 मार्च को भोजपुर और बक्सर का दौरा करेंगे। अंत में 26 मार्च को पटना में इस चरण का समापन किया जाएगा।
योजनाओं की समीक्षा और जनसंवाद
इस यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री विभिन्न जिलों में चल रही विकास योजनाओं की जमीनी स्थिति का जायजा लेंगे। वे अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर योजनाओं की प्रगति की जांच करेंगे और जरूरी दिशा-निर्देश भी देंगे।
साथ ही, ‘जन संवाद’ कार्यक्रम के जरिए आम लोगों से सीधे मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनेंगे और मौके पर समाधान के निर्देश देंगे। यह पहल सरकार और जनता के बीच सीधे संवाद को मजबूत करने के उद्देश्य से की जा रही है।
विकास परियोजनाओं की सौगात
समृद्धि यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री कई जिलों में नई विकास परियोजनाओं की घोषणा भी कर सकते हैं। पहले के चरणों में भी करोड़ों रुपये की योजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया गया था, जिससे स्थानीय स्तर पर विकास कार्यों को गति मिली है।
राजनीतिक रूप से भी अहम दौरा
यह यात्रा सिर्फ प्रशासनिक नहीं, बल्कि राजनीतिक रूप से भी काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। चर्चा है कि नीतीश कुमार भविष्य में राज्यसभा जाने की तैयारी कर सकते हैं। ऐसे में इस दौरे को उनके कार्यकाल के अहम चरण के रूप में देखा जा रहा है।
“अंतिम चरण” की भी चर्चा
राजनीतिक गलियारों में यह भी चर्चा है कि यह समृद्धि यात्रा उनके मुख्यमंत्री पद के कार्यकाल की आखिरी बड़ी यात्रा हो सकती है। हालांकि इस पर आधिकारिक तौर पर कोई पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन इस संभावना ने यात्रा की अहमियत और बढ़ा दी है।
निष्कर्ष
समृद्धि यात्रा का पांचवां चरण बिहार के विकास और प्रशासनिक समीक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि इस दौरे के दौरान कौन-कौन सी नई योजनाएं सामने आती हैं और इसका राज्य की राजनीति पर क्या असर पड़ता है।


