सुलतानगंज में ‘इम्तिहान’ देकर लौट रहे पिता पर फायरिंग: पुलिस ने दो शूटरों को हथियार समेत दबोचा; पुरानी रंजिश में रची गई थी हत्या की साजिश

भागलपुर | 25 फरवरी, 2026 भागलपुर के सुलतानगंज थाना क्षेत्र में करीब दो सप्ताह पहले हुए सनसनीखेज गोलीकांड का पुलिस ने सफल उद्भेदन कर दिया है। एक पिता, जो अपनी बेटी का भविष्य संवारने के लिए उसे परीक्षा दिलाकर लौट रहा था, उस पर जानलेवा हमला करने वाले दो अपराधियों को पुलिस ने सलाखों के पीछे भेज दिया है। सिटी एसपी शैलेंद्र सिंह ने बुधवार को प्रेस वार्ता के दौरान इस पूरी कार्रवाई का विवरण साझा किया।

11 फरवरी की वो खौफनाक वारदात: बेटी के सामने पिता को मारी गोली

​घटनाक्रम के अनुसार, बीते 11 फरवरी को नासोपुर इलाके में दहशत फैल गई थी। पीड़ित विजय यादव अपनी पुत्री को इंटर की परीक्षा दिलाकर वापस घर लौट रहे थे। पिता-पुत्री का रिश्ता और घर लौटने की खुशी उस वक्त मातम में बदलने वाली थी, जब रास्ते में पहले से घात लगाए बैठे अपराधियों ने उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी।

  • अचानक हमला: घात लगाए अपराधियों ने विजय यादव को निशाना बनाकर गोलियां दागीं।
  • गंभीर चोट: इस हमले में विजय यादव गंभीर रूप से जख्मी हो गए थे। स्थानीय लोगों की तत्परता और पुलिस के सहयोग से उन्हें तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जिससे उनकी जान बच सकी।

पुलिस की ‘स्पेशल स्ट्राइक’: अनीश और पप्पू गिरफ्तार

​वारदात के बाद से ही भागलपुर पुलिस इन अपराधियों की तलाश में खाक छान रही थी। सिटी एसपी के निर्देशन में एक विशेष टीम का गठन किया गया था। तकनीकी अनुसंधान और गुप्त सूचनाओं के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी कर दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया:

  1. अनीश मंडल
  2. पप्पू मंडल

​पुलिस के अनुसार, यह हमला किसी तात्कालिक विवाद का परिणाम नहीं था, बल्कि इसके पीछे पुरानी रंजिश की गहरी जड़ें थीं। अपराधी विजय यादव को रास्ते से हटाकर अपना हिसाब बराबर करना चाहते थे।

हथियार और कारतूस बरामद: अपराधी की निशानदेही पर सफलता

​गिरफ्तारी के बाद जब पुलिस ने अनीश मंडल से कड़ाई से पूछताछ की, तो उसने अपराध में इस्तेमाल किए गए हथियार का राज उगल दिया।

  • बरामदगी: पुलिस ने अनीश की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त एक देसी कट्टा और एक जिंदा कारतूस बरामद किया है।
  • साक्ष्य: बरामद हथियार इस बात का पुख्ता प्रमाण है कि हमला पूर्व नियोजित था और अपराधियों का इरादा हत्या करने का ही था।

VOB का नजरिया: सुरक्षित भविष्य पर रंजिश का साया

​सुलतानगंज की यह घटना बताती है कि बिहार के ग्रामीण इलाकों में पुरानी रंजिशें किस कदर मासूमों के जीवन और बच्चों की शिक्षा पर असर डाल रही हैं। एक छात्रा, जो अपनी परीक्षा देकर घर लौट रही थी, उसके सामने उसके पिता पर गोली चलना न केवल एक अपराध है, बल्कि उस बच्ची के मानसिक स्वास्थ्य पर गहरा आघात है। सुलतानगंज पुलिस की त्वरित कार्रवाई सराहनीय है, लेकिन ऐसे ‘घात लगाकर’ हमला करने वाले गिरोहों पर पुलिसिया गश्ती का खौफ होना भी जरूरी है।

ब्यूरो रिपोर्ट, द वॉयस ऑफ बिहार (VOB)।

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