आइजोल/नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को मिजोरम की राजधानी आइजोल में 9,000 करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इनमें रेलवे, सड़क, ऊर्जा, खेल और शिक्षा से जुड़ी कई अहम योजनाएं शामिल हैं।
प्रमुख घोषणाएं व उपलब्धियां
- रेलवे से जुड़ाव: प्रधानमंत्री ने बैराबी-सैरांग नई रेल लाइन (8,070 करोड़ रुपये) का उद्घाटन किया, जिससे मिजोरम पहली बार भारतीय रेल नेटवर्क से जुड़ गया।
- नई ट्रेनें: सैरांग-दिल्ली राजधानी एक्सप्रेस, सैरांग-गुवाहाटी और सैरांग-कोलकाता एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाई।
- सड़क परियोजनाएं: आइजोल बाईपास, थेनज़ोल-सियालसुक रोड और खानकाउन-रोंगूरा रोड सहित कई सड़क योजनाओं की नींव रखी।
- ऊर्जा अवसंरचना: आइजोल के मुआलखांग में एलपीजी बॉटलिंग प्लांट की नींव रखी।
- शिक्षा व खेल: कवर्था में आवासीय विद्यालय, त्लांगनुआम में एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय और तुइकुआल में खेलो इंडिया बहुउद्देशीय इंडोर हॉल का उद्घाटन किया।
प्रधानमंत्री मोदी के संबोधन की अहम बातें
- “आज से आइजोल भारत के रेलवे मानचित्र पर शामिल हो गया है, यह सिर्फ रेल संपर्क नहीं बल्कि परिवर्तन की जीवनरेखा है।”
- पूर्वोत्तर को बताया “देश का नया विकास इंजन”।
- कहा कि मिजोरम एक्ट ईस्ट नीति और उभरते नॉर्थ ईस्ट इकोनॉमिक कॉरिडोर में अहम भूमिका निभाएगा।
- अगली पीढ़ी की जीएसटी को बताया – “कम टैक्स, आसान जीवन”।
- दावा किया कि भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था है।
- मिजोरम के युवाओं, किसानों और उद्यमियों को नए अवसर मिलने की बात कही।
- खेल, पर्यटन और व्यापार में पूर्वोत्तर को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का भरोसा जताया।
पृष्ठभूमि
- चुनौतीपूर्ण भौगोलिक परिस्थितियों के बावजूद रेलवे लाइन में 45 सुरंगें और 143 पुल बनाए गए।
- नई कनेक्टिविटी से शिक्षा, स्वास्थ्य और व्यापारिक सुविधाओं तक पहुंच आसान होगी।
- परियोजनाओं से क्षेत्र में 10,000 से अधिक रोजगार अवसर पैदा होने की उम्मीद।
इस मौके पर मिजोरम के राज्यपाल जनरल वी.के. सिंह, मुख्यमंत्री लालदुहोमा और केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव समेत कई गणमान्य उपस्थित थे।


