
पटना, 10 सितंबर।राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने राजस्व महा-अभियान को और प्रभावी बनाने के लिए बड़ा फैसला लिया है। अब किसी भी हलके (पंचायत) में आवश्यकता पड़ने पर दो से अधिक अतिरिक्त शिविर आयोजित किए जा सकेंगे।
विभागीय निर्देश
- सचिव जय सिंह ने सभी जिला समाहर्ताओं को पत्र लिखकर यह आदेश जारी किया।
- कई हलकों में मात्र दो शिविरों से सभी आवेदकों की समस्याओं का समाधान नहीं हो पा रहा था।
- अब अंचल अधिकारी स्थानीय परिस्थितियों के आधार पर अतिरिक्त शिविर आयोजित कर सकेंगे।
- यह ध्यान रखना होगा कि अतिरिक्त शिविरों से अभियान की अन्य गतिविधियाँ प्रभावित न हों।
महादलित टोलों पर विशेष ध्यान
- महादलित टोलों एवं बस्तियों में प्राथमिकता देकर जमाबंदी पंजी की प्रति उपलब्ध कराई जाएगी।
- कई महादलित परिवारों को अभी तक बंदोबस्त भूमि की प्रति नहीं मिल पाई है।
- अब वितरण दल बस्तियों में जाकर ही प्रति और आवेदन प्रपत्र उपलब्ध कराएंगे।
जन प्रतिनिधियों को भी सुविधा
- विभाग ने स्पष्ट किया है कि जन प्रतिनिधियों को भी उनके नाम से संबंधित जमाबंदी पंजी की प्रति उपलब्ध कराई जाएगी।
- इससे वे न केवल अपनी भूमि से जुड़ी समस्याओं का समाधान कर सकेंगे, बल्कि अभियान की निगरानी और जागरूकता में भी सक्रिय रहेंगे।
अभियान की अवधि और उद्देश्य
- राजस्व महा-अभियान 16 अगस्त से शुरू होकर 20 सितंबर तक चलेगा।
- इसमें ऑनलाइन जमाबंदी पंजी की प्रति और विभिन्न प्रपत्रों का घर-घर वितरण किया जा रहा है।
- शिविरों में जमाबंदी त्रुटि सुधार, छूटी हुई जमाबंदी का ऑनलाइन रिकॉर्ड, बंटवारा नामांतरण और उत्तराधिकार नामांतरण के लिए आवेदन लिए जा रहे हैं।
- अतिरिक्त शिविरों की अनुमति से ग्रामीणों को और अधिक सुविधा मिलने की उम्मीद है।


