गया। बिहार के गया जिले के बोधगया थाना क्षेत्र स्थित बीएमपी-3 ट्रेनिंग सेंटर में तैनात असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर (एएसआई) राजेश कुमार सिंह की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। पुलिस ने उनका शव उनके कमरे से बरामद किया है। मृतक का पैतृक गांव छपरा जिले के गंगाजल में है, जबकि उनका परिवार हाजीपुर में रहता है।
परिजनों ने लगाया हत्या का आरोप
एएसआई के परिजनों ने आत्महत्या की आशंका को नकारते हुए हत्या का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि राजेश कुमार सिंह के शरीर पर चोट के निशान मिले हैं। मृतक की बहन ने स्पष्ट कहा—
“शरीर पर चोट के निशान पाए गए हैं, मेरा भाई आत्महत्या करने वाला इंसान नहीं था। हमें पूरा शक है कि उसकी हत्या की गई है और इसे आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की गई है।”
मौके पर पहुंची फॉरेंसिक टीम
घटना की जानकारी देर रात लगभग 12 बजे मिली, जब एक सहकर्मी ने राजेश कुमार सिंह को कमरे में देखा और अधिकारियों को सूचित किया। इसके बाद बीएमपी के अधिकारी और पुलिस मौके पर पहुंचे।
गया के सिटी एसपी रामानंद कुमार कौशल ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला हैंगिंग (फांसी) का प्रतीत होता है। हालांकि, परिजनों की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए फॉरेंसिक टीम को घटनास्थल पर भेजा गया है।
परिजनों की मांग – हो सख्त कार्रवाई
मृतक की बहन ने आरोप लगाते हुए कहा कि यह आत्महत्या नहीं, बल्कि एक साजिश हो सकती है। उन्होंने मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए।
पुलिस का भरोसा
सिटी एसपी ने कहा—
“परिजनों के द्वारा घटना को संदिग्ध बताए जाने के बाबत पूरे मामले की छानबीन की जा रही है। प्रथम दृष्टया मामला हैंगिंग का सामने आया है, लेकिन आगे की जांच और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के आधार पर ही सच्चाई सामने आएगी। परिजनों की लिखित शिकायत पर कार्रवाई की जाएगी।”


