समस्तीपुर, बिहार — समस्तीपुर में एक सनसनीखेज हत्याकांड ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है। दरभंगा के एक स्कूल में पढ़ाने वाले शिक्षक कुमोद उर्फ दीपक (40) ने सोमवार सुबह 19 वर्षीय छात्रा गुड़िया को सिर में गोली मारकर हत्या कर दी। आरोप है कि यह हत्या कुमोद के बड़ी बहन सपना से एकतरफा प्यार और परिवार द्वारा उसके विरोध के चलते हुई।
घटना का क्रम
- सुबह 9 बजे के करीब — गुड़िया रोज़ की तरह D.El.Ed. की तैयारी के लिए कोचिंग जा रही थी।
- रास्ते में आरोपी कुमोद ने उसे घेरकर सिर में गोली मार दी।
- गुड़िया की मौके पर ही मौत हो गई।
प्यार से जुनून तक: डेढ़ साल की कहानी
- करीब डेढ़ साल पहले सपना ने दरभंगा-बहेड़ी बॉर्डर स्थित एंजल हाई स्कूल में साइंस टीचर के रूप में जॉइन किया।
- वहीं पर नालंदा निवासी कुमोद भी शिक्षक था।
- शुरुआती बातचीत के बाद कुमोद ने सपना को प्यार का प्रस्ताव दिया, जिसे सपना ने ठुकरा दिया।
- इसके बाद कुमोद ने लगातार सपना को परेशान करना शुरू किया, तरह-तरह के लालच देने, धमकाने और स्कूल आने का दबाव बनाने लगा।
पुलिस शिकायत और आरोपी की धमकियां
- सपना की बहन गुड़िया ने स्थिति बिगड़ते देख मां और बहन के साथ थाने में जाकर लिखित शिकायत दी।
- परिवार का आरोप — पुलिस ने कार्रवाई करने के बजाय टाल-मटोल किया और उन्हें वापस लौटा दिया।
- आरोपी सोशल मीडिया और वॉट्सऐप पर पिस्टल और कारतूस की फोटो भेजकर खुली धमकियां देता रहा, यहां तक कि परिवार के सभी नंबरों पर हत्या की चेतावनी भेजी।
- एक पोस्ट में आरोपी ने लिखा —
“आज उसकी किस्मत अच्छी थी… अगली बार गलती नहीं होगी” — जो अब हत्या की भविष्यवाणी जैसा साबित हुआ।
हत्या का मकसद
- मां फूल कुमारी का कहना है —
“मेरी छोटी बेटी ने ही थाने में शिकायत दी थी, इसी वजह से आरोपी ने उसी को निशाना बनाया।” - चाचा संजय कुमार सिंह ने कहा —
“अगर पुलिस ने पहले ही कार्रवाई की होती, तो गुड़िया आज ज़िंदा होती।”
पुलिस की प्रतिक्रिया
- SP अरविंद्र प्रताप सिंह ने कहा:
- “थाने में आवेदन आने के बाद भी कार्रवाई न होना गंभीर मामला है। जांच होगी और अगर तत्कालीन SHO की लापरवाही पाई गई, तो कार्रवाई होगी।”
- आरोपी की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
यह मामला सिर्फ एकतरफा प्यार और जुनून की वजह से हुई हत्या नहीं, बल्कि कथित पुलिस लापरवाही का भी गंभीर उदाहरण बन गया है। स्थानीय लोग और परिजन अब न केवल आरोपी की गिरफ्तारी, बल्कि जिम्मेदार पुलिस अधिकारियों पर भी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।


