
पटना, 26 जुलाई 2025 — बिहार सरकार खादी और ग्रामोद्योग को प्रोत्साहित करने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाने जा रही है। राज्य का तीसरा खादी मॉल अब पूर्णिया जिले के भट्टी चौक में बन रहा है, जिसकी कुल लागत 6.64 करोड़ रुपये निर्धारित की गई है। यह मॉल खादी बुनकरों, ग्रामीण कारीगरों और उद्यमियों को बाजार और पहचान का मंच देगा।
खादी मॉल की प्रमुख विशेषताएँ:
- तीन मंजिला आधुनिक भवन, कुल क्षेत्रफल – 14,633 वर्गफुट
- अब तक 60 प्रतिशत निर्माण कार्य पूर्ण, जल्द होगा लोकार्पण
- खादी वस्त्रों के साथ हस्तशिल्प, ग्रामोद्योग उत्पाद, हर्बल कॉस्मेटिक्स और स्थानीय कलाकृतियों की बिक्री की व्यवस्था
- स्थानीय उत्पादों को शहरी बाजार तक पहुँचाने की रणनीति
- राज्य सरकार के एक्स हैंडलर पर दी गई जानकारी के अनुसार कार्य तेजी से प्रगति पर
पूर्वी बिहार के लिए मॉडल बनेगा पूर्णिया मॉल
पटना और मुजफ्फरपुर में पहले से संचालित दो खादी मॉल के बाद पूर्णिया का यह खादी मॉल पूर्वी बिहार का पहला ऐसा केंद्र होगा, जिसे मॉडल खादी मॉल के रूप में विकसित किया जा रहा है। इसका लाभ अररिया, कटिहार, किशनगंज, मधेपुरा जैसे पड़ोसी जिलों के बुनकरों और शिल्पकारों को भी मिलेगा।
सरकारी उद्देश्य: रोजगार, ब्रांडिंग और आत्मनिर्भरता
राज्य सरकार का उद्देश्य इस मॉल के माध्यम से:
- खादी उत्पादों की ब्रांडिंग को बढ़ावा देना
- स्थानीय युवाओं को स्वरोजगार के अवसर देना
- ग्रामीण कारीगरों को सीधे ग्राहक तक जोड़ना
इस प्रयास से बिहार की ग्रामोद्योग परंपरा को नया जीवन मिलेगा और राज्य की स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।


