पटना। आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने अवामी कोऑपरेटिव बैंक और वैशाली सहकारी विकास बैंक से जुड़े 101 करोड़ रुपये के घोटाले के मुख्य आरोपी और बैंक के पूर्व शाखा प्रबंधक मो. सैयद शहनवाज वजी को गिरफ्तार कर लिया है। वह चार वर्षों से फरार था।
ईओयू की पूछताछ के बाद अवामी बैंक के पूर्व कर्मचारी शौकत अली (निवासी: अनीसाबाद, पटना) और पूर्व एलआईसी एजेंट रजनीकांत उर्फ गोपाल प्रसाद (निवासी: नंदगोला, मालसलामी, पटना) को भी गिरफ्तार किया गया है।
घोटाले का तरीका
आरोपियों ने एलआईसी अधिकारियों, कर्मचारियों, एजेंटों और दलालों की मिलीभगत से फर्जी एलआईसी पॉलिसी और फर्जी ऋण खाते खोलकर बैंकों से 101 करोड़ रुपये से अधिक की राशि की धोखाधड़ी और गबन किया।
तीन प्राथमिकी दर्ज
इस मामले में पटना के पीरबहोर और हाजीपुर नगर थाना में तीन मामले दर्ज हैं। 2024 से ईओयू जांच कर रही है, और अब प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने भी इसमें ईसीआईआर-5/24 के तहत जांच शुरू कर दी है।


