
भागलपुर, 18 जुलाई 2025: श्रावणी मेले के अवसर पर भागलपुर जिले के सुल्तानगंज स्थित ऐतिहासिक अजगैबीनाथ धाम एक बार फिर शिवभक्तों की श्रद्धा, आस्था और भक्ति का केंद्र बन गया है। शुक्रवार को छत्तीसगढ़ से पहुंचे सैकड़ों कांवरिए श्रद्धालु अपने परिवार के साथ गंगाजल से भरे कांवर लेकर देवघर स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम के लिए रवाना हुए।
“बाबा का बुलावा आया है”
कांवरियों ने भावुकता से कहा कि “बाबा का बुलावा आया है, इसलिए सैकड़ों किलोमीटर की यात्रा तय कर सपरिवार सुल्तानगंज पहुंचे हैं।” भक्तों के चेहरे पर अपार उत्साह और श्रद्धा का भाव साफ नजर आ रहा था। गंगाजल भरने के बाद जैसे ही “बोल बम” के जयघोष के साथ यात्रा शुरू हुई, वातावरण पूरी तरह भोलेनाथमय हो गया।
कांवरियों के स्वागत में सुल्तानगंज
सुबह से ही अजगैबीनाथ मंदिर परिसर और गंगा घाट पर भारी चहल-पहल रही। मंदिर में पूजा-अर्चना और गंगाजल संग्रह के लिए श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं। सुल्तानगंज नगर प्रशासन और स्थानीय पुलिस-प्रशासन ने कांवरियों की सुविधा के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं।
श्रद्धालुओं के लिए स्वास्थ्य केंद्र, जलपान स्टॉल, साफ-सफाई, मोबाइल शौचालय, प्राथमिक उपचार व्यवस्था और ट्रैफिक कंट्रोल की प्रभावी व्यवस्थाएं की गई हैं।
हर दिन लाखों कांवरिए पहुंच रहे सुल्तानगंज
श्रावणी मेले में प्रतिदिन लाखों की संख्या में श्रद्धालु सुल्तानगंज पहुंच रहे हैं और यहां गंगाजल भरकर लगभग 105 किलोमीटर की पैदल यात्रा पर निकल रहे हैं। कांवर यात्रा का अंतिम पड़ाव झारखंड के देवघर स्थित विश्व प्रसिद्ध बाबा बैद्यनाथ धाम है, जहां कांवरिए भगवान शिव का जलाभिषेक करते हैं।


