मुख्यमंत्री कन्या विवाह मंडप योजना के लिए ₹40,265 करोड़ की प्रशासनिक स्वीकृति | सामाजिक सुरक्षा पेंशन में ढाई गुना बढ़ोतरी
पटना, 24 जून |मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को आयोजित बिहार मंत्रिपरिषद की बैठक में कुल 46 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। इनमें सबसे प्रमुख फैसला “मुख्यमंत्री कन्या विवाह मंडप योजना” से जुड़ा रहा, जिसके तहत राज्य की सभी 8053 ग्राम पंचायतों में विवाह मंडपों का निर्माण कराया जाएगा।
मुख्य सचिव अमृत लाल मीणा ने सूचना भवन में आयोजित प्रेस वार्ता में बताया कि इस योजना के तहत प्रत्येक पंचायत को ₹50 लाख का अनुदान मिलेगा। इस योजना के लिए ₹40,265 करोड़ की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है। मंडपों का संचालन ग्राम स्तरीय संगठनों द्वारा किया जाएगा।
पंचायत प्रतिनिधियों के मानदेय में वृद्धि | अनुग्रह अनुदान की नई व्यवस्था
- मनरेगा योजना में अब पंचायतें 10 लाख रुपये तक की योजना स्वयं क्रियान्वित कर सकेंगी (पहले सीमा 5 लाख थी)।
- पंचायती राज प्रतिनिधियों के मानदेय में 1.5 गुना वृद्धि।
- प्रतिनिधि के पद पर निधन की स्थिति में अब परिजनों को ₹5 लाख का अनुग्रह अनुदान मिलेगा — यह पहली बार लागू की गई व्यवस्था है।
सभी मेडिकल कॉलेजों में ₹20 में भोजन योजना
- राज्य के सभी मेडिकल कॉलेज अस्पतालों में मरीजों व परिजनों को अब “जीविका दीदी की रसोई” से मात्र ₹20 में भोजन थाली मिलेगी।
- पहले चरण में यह योजना मेडिकल कॉलेज अस्पतालों में लागू होगी, फिर सभी अस्पतालों तक इसका विस्तार किया जाएगा।
सामाजिक सुरक्षा पेंशन में ढाई गुना वृद्धि
राज्य में संचालित छह सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं की राशि को ₹400-₹500 से बढ़ाकर ₹1100 प्रति माह कर दिया गया है।
- तीन योजनाएं केंद्र सरकार के सहयोग से,
- तीन योजनाएं राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही हैं।
- बढ़ी हुई राशि का भुगतान जून 2025 से किया जाएगा।
स्वयं सहायता समूहों को अब ₹10 लाख तक ऋण
- जीविका दीदियों को बैंकों से मिलने वाले ऋण की सीमा ₹3 लाख से बढ़ाकर ₹10 लाख की गई।
- यह ऋण 7% ब्याज दर पर मिलेगा।
- इससे 10,834 स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी 1.35 करोड़ महिलाएं लाभान्वित होंगी।
गरीब परिवारों को ₹2-2 लाख का स्वरोजगार अनुदान
- जातिगत सर्वेक्षण में चिह्नित 94 लाख निर्धन परिवारों के लिए
- प्रत्येक परिवार को ₹2 लाख की सहायता राशि प्रदान की जाएगी
- मुख्यमंत्री लघु उद्यमी योजना के तहत यह राशि स्वरोजगार के लिए दी जाएगी।
- विकास आयुक्त की अध्यक्षता में समिति गठित की गई है, जो इस योजना की मॉनिटरिंग करेगी।


