एयरपोर्ट पर बैग चेकिंग को लेकर उद्धव ठाकरे गुस्सा, बोले- क्या कभी पीएम, CM की हुई ऐसी चेकिंग?

यवतमाल के वनी हेलीपड पर उद्धव ठाकरे अपने बैग की जांच को लेकर गुस्सा हो गए। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्य मंत्री एकनाथ शिंदे को निशाने पर लिया। ठाकरे ने सवाल किया कि क्या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अन्य वरिष्ठ नेताओं के बैगों की भी इसी तरह की जांच की गई थी।

वाणी में एक जनसभा को संबोधित करते हुए उद्धव ठाकरे ने कहा कि एयरपोर्ट पर एंट्री के वक्त उनके बैग की जांच की गई। दरअसल चुनाव के वक्त निरीक्षण करने वाले अधिकारियों ने जेब और पहचान पत्रों की जांच करने का आग्रह किया था। बता दें कि शिवसेना उद्धव ठाकरे गुट के प्रमुख उद्धव ठाकरे ने 20 नवंबर को आगामी विधानसभा चुनावों के लिए महाराष्ट्र के यवतमाल की अपनी यात्रा के दौरान चुनाव अधिकारियों द्वारा उनके बैग की जांच को लेकर चिंता व्यक्त की।

ठाकरे ने सवाल किया कि क्या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अन्य वरिष्ठ नेताओं के बैगों की भी इसी तरह की जाँच की गई थी। वहीं महाराष्ट्र में चुनाव के बीच शिवसेना यूबीटी नेता उद्धव ठाकरे ने प्राशसन के इस एक्शन पर शासन पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने एक्स पर साझा किए गए एक वीडियो में, अधिकारियों के सेलेक्टिव जांच पर और एक्शन पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने पूछा कि क्या पीएम मोदी या केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बैगों की जाँच की गई थी। यह घटना तब हुई जब ठाकरे शिवसेना उद्धव ठाकरे गुट के उम्मीदवार संजय डेरकर के लिए प्रचार करने के लिए हेलीकॉप्टर से वाणी पहुंचे।

शिवसेना यूबीटी नेता ने कहा कि उन्हें किसी प्रकार से चुनाव अधिकारियों से नाराजगी नहीं है, लेकिन ईसीआई को निष्पक्ष होना जरूरी है। उन्होंने कहा, “आप अपनी ज़िम्मेदारी निभा रहे हैं, और मैं अपनी ज़िम्मेदारी निभाऊँगा।” उन्होंने सवाल किया कि क्या मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उप मुख्यमंत्री अजित पवार और देवेंद्र फडणवीस पर भी इसी तरह की जाँच लागू की गई थी।

ठाकरे ने स्थिति की आलोचना करते हुए कहा, “ये सारी बेकार चीजें चल रही हैं। मैं इसे लोकतांत्रिक नहीं मानता। यह लोकतंत्र नहीं हो सकता।” उन्होंने तर्क दिया कि लोकतंत्र में किसी को भी दूसरे से ऊपर नहीं माना जाना चाहिए। उद्धव ठाकरे ने आगे कहा कि यदि चुनाव अधिकारी सत्तारूढ़ गठबंधन के वरिष्ठ नेताओं के बैगों की जांच नहीं करते हैं, तो शिवसेना उद्धव ठाकरे गुट और विपक्षी एमवीए कार्यकर्ता खुद ऐसा करने का काम लेंगे। उन्होंने कहा कि पुलिस और चुनाव आयोग को हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए क्योंकि मतदाताओं को प्रचार के लिए आने वाले वरिष्ठ नेताओं के बैगों की जाँच करने का अधिकार है।

सोशल मीडिया एक्स पर एक पोस्ट में शिव सेना यूबीटी ने एक्स पर पोस्ट किए गए एक अन्य वीडियो में, ठाकरे ने अन्य राजनीतिक नेताओं के बैगों की जांच किए जाने के बारे में अपने सवालों को दोहराया। जब उन्होंने बताया की ये सूचना मिली है कि पीएम मोदी और अमित शाह के इशारे पर अधिकारी उनकी पार्टी के कार्यकर्ताओं के साथ कुछ अलग तरह से व्यवहार कर रहे हैं।

  • ये भी पढ़े..

    भाजपा प्रदेश कार्यालय में नवनियुक्त पदाधिकारियों की बैठक, संगठन विस्तार और बूथ सशक्तिकरण पर जोर

    Share Add as a preferred…

    गोपालगंज में प्रशांत किशोर का सरकार पर तीखा हमला, मुजफ्फरपुर अस्पताल हादसे से लेकर शिक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था पर उठाए सवाल

    Share Add as a preferred…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *