भागलपुर में गूंजेंगे शेर-ओ-शायरी के अल्फाज: 7 फरवरी को टाउन हॉल में सजेगी महफिल; डीएम करेंगे उद्घाटन, उर्दू शिक्षकों की मौजूदगी अनिवार्य

भागलपुर | उर्दू जुबान की मिठास और साहित्य की गहराई को समझने वालों के लिए 7 फरवरी (शनिवार) का दिन खास होने वाला है। स्थानीय टाउन हॉल में सुबह 10 बजे से ‘फ़रोगे-ए-उर्दू’ (उर्दू का विकास) सेमिनार और मुशायरे का आयोजन किया गया है।

डीएम करेंगे उद्घाटन, पटना से आएंगे मेहमान

​इस एक दिवसीय जिला स्तरीय कार्यशाला का उद्घाटन जिलाधिकारी (DM) डॉ. नवल किशोर चौधरी करेंगे। कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाने के लिए मुख्य अतिथि के रूप में पटना से उर्दू निदेशालय (मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग) के अपर सचिव-सह-निदेशक विशेष रूप से शिरकत करेंगे।

सेमिनार में विचार, मुशायरे में गजलें

​कार्यक्रम को दो हिस्सों में बांटा गया है:

  1. सेमिनार: इसमें उर्दू के नामचीन शिक्षाविद अपने आलेख (Papers) पढ़ेंगे और उर्दू भाषा के विकास पर अपने विचार रखेंगे।
  2. मुशायरा: सेमिनार के बाद कवियों और शायरों की महफिल सजेगी, जहां वे अपनी बेहतरीन गज़लों और अशआर से समां बांधेंगे।

शिक्षकों की उपस्थिति अनिवार्य

​डीएम के निर्देशानुसार, जिले के सभी सरकारी विद्यालयों और मदरसों के उर्दू शिक्षकों को इस कार्यक्रम में भाग लेना अनिवार्य किया गया है। इससे शिक्षकों को भाषा की बारीकियों को समझने का मौका मिलेगा।

आम लोगों के लिए खुला न्योता

​जिला उर्दू भाषा कोषांग की प्रभारी पदाधिकारी श्रीमती सुभाषिनी प्रसाद ने जिले के सभी उर्दू प्रेमियों और आम नागरिकों से अपील की है कि वे बड़ी संख्या में आकर इस साहित्यिक समारोह को सफल बनाएं।

  • Related Posts

    मधेपुरा: शिक्षा व्यवस्था की खुली पोल; 10 बजे तक स्कूल में लटका रहा ताला, जान जोखिम में डालकर बाउंड्री फांदते दिखे बच्चे

    Share Add as a preferred…

    Continue reading