
लखनऊ: उत्तर प्रदेश एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड (ATS) ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए लखनऊ रेलवे स्टेशन को निशाना बनाने की साजिश का पर्दाफाश किया है। इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि पूरे मॉड्यूल का मास्टरमाइंड मेरठ का रहने वाला आकिब बताया जा रहा है, जो दुबई में बैठकर नेटवर्क ऑपरेट कर रहा था।
दुबई से ऑपरेट हो रहा था नेटवर्क
जांच में सामने आया है कि आकिब लंबे समय से दुबई में रहकर भारत में आतंकी मॉड्यूल तैयार करने में जुटा था। वह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए भारतीय युवाओं को पाकिस्तानी हैंडलर्स से जोड़ रहा था। मेरठ के साकिब उर्फ ‘डेविल’ को भी इसी तरह संपर्क में लाया गया, जिसके बाद वह सीधे हैंडलर्स के निर्देश पर काम करने लगा।
लखनऊ रेलवे स्टेशन था निशाने पर
एटीएस अधिकारियों के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी—साकिब, अरबाब, लोकेश और विकास उर्फ रौनक—लखनऊ रेलवे स्टेशन पर विस्फोट की योजना बना रहे थे। समय रहते इनकी गिरफ्तारी से एक बड़े आतंकी हमले को टाल दिया गया।
रक्षा ठिकानों और नेताओं की रेकी
पूछताछ में यह भी सामने आया है कि आरोपियों ने प्रदेश के कई संवेदनशील रक्षा प्रतिष्ठानों और कैंट इलाकों की रेकी की थी। इन जगहों के वीडियो बनाकर विदेशी हैंडलर्स को भेजे जा रहे थे। इसके अलावा कुछ प्रमुख हिंदू संगठनों से जुड़े नेताओं को भी टारगेट करने की तैयारी थी। उनके मूवमेंट और सुरक्षा व्यवस्था पर नजर रखी जा रही थी।
सोशल मीडिया बना साजिश का जरिया
आकिब और उसके साथी इंस्टाग्राम व टेलीग्राम जैसे प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर रहे थे। हैंडलर्स लोकेशन शेयर करते थे, जहां पहुंचकर आरोपी वीडियो रिकॉर्डिंग करते और भेजते थे। बदले में उन्हें आर्थिक मदद भी दी जाती थी। जांच एजेंसियों को आरोपियों के पास से आगजनी और अन्य संदिग्ध गतिविधियों के वीडियो भी मिले हैं।
कोर्ट से मिली 5 दिन की रिमांड
शनिवार को चारों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें 5 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। एटीएस अब इस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश में जुटी है कि इसमें और कौन-कौन लोग शामिल हैं।
पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने की तैयारी
एटीएस अधिकारियों का कहना है कि आकिब और उसके संपर्कों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी जुटाई जा चुकी है। एजेंसी अब दुबई कनेक्शन और पाकिस्तानी हैंडलर्स तक पहुंचने के लिए अन्य केंद्रीय एजेंसियों के साथ मिलकर कार्रवाई तेज कर रही है।
समय रहते टली बड़ी वारदात
एटीएस की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई से एक बड़ी आतंकी साजिश को नाकाम कर दिया गया। यह मामला एक बार फिर दिखाता है कि किस तरह सोशल मीडिया का दुरुपयोग कर युवाओं को बरगलाकर देशविरोधी गतिविधियों में शामिल किया जा रहा है।


