मिडिल ईस्ट में तनाव बढ़ा: अमेरिका ने ईरान के खार्ग द्वीप पर किया बड़ा हमला, तेल बाजार पर मंडरा रहा खतरा

मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच अमेरिका ने ईरान के सबसे महत्वपूर्ण तेल निर्यात केंद्र खार्ग द्वीप पर बड़ा सैन्य हमला किया है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के अनुसार शनिवार रात चलाए गए इस ऑपरेशन में ईरान के 90 से अधिक सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया गया। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस कार्रवाई को क्षेत्र के इतिहास की सबसे शक्तिशाली बमबारी बताते हुए कहा कि ईरान के “ताज” कहे जाने वाले इस द्वीप पर मौजूद कई सैन्य ठिकानों को पूरी तरह नष्ट कर दिया गया है।

बताया जा रहा है कि हमले में नेवल माइन स्टोरेज, मिसाइल बंकर और कई महत्वपूर्ण सैन्य सुविधाएं तबाह हो गई हैं। हालांकि अमेरिकी अधिकारियों का दावा है कि इस ऑपरेशन के दौरान तेल से जुड़े किसी भी बुनियादी ढांचे को नुकसान नहीं पहुंचाया गया।

हमले के दौरान कई धमाके, ईरान की कड़ी चेतावनी

खार्ग द्वीप पर हुए इस हमले के दौरान 15 से अधिक जोरदार धमाके सुने गए, जिससे पूरा इलाका दहल उठा। ईरान की सरकारी समाचार एजेंसी फार्स के अनुसार हमले में एयर डिफेंस सिस्टम, नेवल बेस और एयरपोर्ट कंट्रोल टावर को निशाना बनाया गया।

तेहरान ने इस हमले पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए चेतावनी दी है कि यदि भविष्य में उसके ऊर्जा ढांचे को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की गई, तो वह पूरे क्षेत्र में मौजूद अमेरिका और उसके सहयोगियों की तेल और गैस संपत्तियों को निशाना बना सकता है। फिलहाल ईरान का कहना है कि खार्ग द्वीप का तेल टर्मिनल सुरक्षित है और वहां से तेल निर्यात सामान्य रूप से जारी है।

इजराइल ने भी तेहरान में किया हमला

अमेरिका की कार्रवाई के साथ ही इजराइल ने भी शनिवार को ईरान के खिलाफ सैन्य अभियान चलाया। इजराइली सेना ने तेहरान में स्थित ईरान के मुख्य स्पेस रिसर्च सेंटर और एयर डिफेंस सिस्टम बनाने वाली फैक्ट्री पर हमला किया।

इजराइल डिफेंस फोर्स (IDF) के अनुसार इस स्पेस सेंटर में ऐसी प्रयोगशालाएं मौजूद थीं जिनका उपयोग सैन्य सैटेलाइट और जासूसी से जुड़े उपकरण विकसित करने में किया जाता था। इस हमले का उद्देश्य ईरान की निगरानी और खुफिया क्षमताओं को कमजोर करना बताया गया है।

वैश्विक तेल बाजार में बढ़ी चिंता

खार्ग द्वीप ईरान की अर्थव्यवस्था के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है क्योंकि देश का लगभग 90 प्रतिशत कच्चा तेल यहीं से निर्यात होता है। फारस की खाड़ी में स्थित यह द्वीप बड़े सुपरटैंकरों को संभालने और विशाल तेल भंडारण की सुविधा के लिए जाना जाता है।

विशेषज्ञों के मुताबिक खार्ग द्वीप और होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे संवेदनशील ऊर्जा मार्गों में शामिल हैं, जहां से वैश्विक तेल व्यापार का करीब 20 प्रतिशत गुजरता है। ऐसे में यदि क्षेत्र में संघर्ष और बढ़ता है तो इसका असर पूरी दुनिया में पेट्रोल और डीजल की कीमतों पर पड़ सकता है।

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