Bihar Election 2025: लालू यादव के दोनों बेटे इस बार अलग-अलग खेमों से चुनावी मैदान में — राघोपुर में तेजस्वी, महुआ में तेज प्रताप… दोनों सीटों पर बने दिलचस्प समीकरण
पटना | 4 नवंबर 2025
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के पहले चरण की वोटिंग गुरुवार (6 नवंबर) को होने जा रही है। इस फेज की सबसे हाईप्रोफाइल दो सीटों — राघोपुर और महुआ — पर लालू प्रसाद यादव के बेटे तेज प्रताप यादव और तेजस्वी यादव की प्रतिष्ठा दांव पर है।
दोनों भाई इस बार एक-दूसरे के राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी बन चुके हैं, ऐसे में यह मुकाबला सिर्फ चुनावी नहीं बल्कि पारिवारिक शक्ति परीक्षण भी माना जा रहा है।
महुआ: तेज प्रताप की घर वापसी, त्रिकोणीय मुकाबला
महुआ सीट से तेज प्रताप यादव खुद मैदान में हैं।
यहां तीन तरफा मुकाबला नजर आ रहा है:
| पार्टी | उम्मीदवार |
|---|---|
| जनशक्ति जनता दल | तेज प्रताप यादव |
| महागठबंधन (राजद) | मुकेश रोशन (वर्तमान विधायक) |
| एनडीए (LJP-R)** | संजय कुमार सिंह |
तेज प्रताप ने 2015 में इसी सीट से पहली जीत दर्ज की थी। 2020 में वे हसनपुर चले गए थे, लेकिन इस बार फिर महुआ लौटकर मैदान में उतर चुके हैं।
महुआ में यादव मतदाता निर्णायक बताए जाते हैं, साथ ही राजपूत, पासवान और कुशवाहा वोटर्स भी बड़ी संख्या में हैं।
राघोपुर: तेजस्वी तीसरी जीत की कोशिश में
राघोपुर से तेजस्वी यादव एक बार फिर किस्मत आजमा रहे हैं।
यह सीट राजद का पारंपरिक गढ़ मानी जाती है। तेजस्वी इस बार तीसरी जीत का लक्ष्य लेकर उतरे हैं।
यहां मुख्य मुकाबला राजद बनाम बीजेपी के बीच माना जा रहा है।
नामांकन के वक्त राबड़ी देवी, लालू यादव और मीसा भारती उनकी ताकत बने दिखे। परिवार और इंडिया गठबंधन पूरी तरह तेजस्वी के पीछे खड़ा है।
परिवारिक रंजिश बनी बिहार चुनाव का ‘हाईलाइट’
तेजस्वी और तेज प्रताप की राजनीतिक राहें अब अलग हो चुकी हैं।
दोनों के बीच बयानबाजी और विरोध बिहार चुनाव को फैमिली ड्रामा का रूप देते दिख रहे हैं।
तेजस्वी जहाँ युवा, मॉडर्न और प्रोग्रेसिव नेता की छवि पर काम कर रहे हैं, वहीं तेज प्रताप लालू की परंपरा और भावनात्मक अपील पर वोट मांग रहे हैं।
तेज प्रताप के राजनीतिक सफर में बड़ा मोड़
- मई 2025 में तेज प्रताप को राजद से 6 साल के लिए निष्कासित किया गया
- इसके बाद उन्होंने जनशक्ति जनता दल का गठन किया
- पहले चरण में पार्टी ने 28 उम्मीदवार उतारे हैं
- कुल मिलाकर अभी तक 45 प्रत्याशी मैदान में
तेज प्रताप ने नामांकन के दौरान अपने हाथ में दादी (पूर्व CM राबड़ी देवी की मां) की फोटो लेकर भावनात्मक संदेश देने की कोशिश भी की थी।
पिछला चुनाव डेटा
| सीट | कुल वोटर (2020) | वोटिंग प्रतिशत |
|---|---|---|
| राघोपुर | 3,44,369 | 58.06% |
| महुआ | 2,86,501 | 60.06% |
दोनों सीटों पर मुस्लिम, यादव, SC और एसटी मतदाता निर्णायक भूमिका में रहते हैं।
क्यों खास है ये लड़ाई?
✅ लालू परिवार में खुला राजनीतिक विभाजन
✅ दोनों सीटें यादव राजनीति का केंद्र
✅ राज्य की दो प्रमुख राजनीतिक विरासतों का परीक्षा क्षण
✅ तेजस्वी की CM दावेदारी और तेज प्रताप की राजनीतिक अस्तित्व की लड़ाई
नतीजा चाहे जो हो, 2025 का ये चुनाव बिहार में लालू राजनीति के नए अध्याय की शुरुआत तय कर रहा है।


