दरभंगा बाल सुधार गृह में किशोर की संदिग्ध मौत, आत्महत्या या हत्या — जांच में जुटा प्रशासन

दरभंगा।बिहार के दरभंगा जिले में शुक्रवार देर रात बाल सुधार गृह (Observation Home) में एक किशोर की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत से हड़कंप मच गया। लहेरियासराय थाना क्षेत्र स्थित इस सुधार गृह में सिंहवाड़ा थाना क्षेत्र के रहने वाले एक किशोर का शव शौचालय में मिला। किशोर चोरी के एक मामले में बंद था।

घटना के बाद जिले के प्रशासनिक और पुलिस महकमे में अफरा-तफरी मच गई।


घटनास्थल पर पहुंचे डीएम और एसएसपी

सूचना मिलते ही दरभंगा के जिलाधिकारी कौशल कुमार और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) जगुनाथ रेड्डी तत्काल मौके पर पहुंचे और पूरे परिसर का निरीक्षण किया।

पुलिस की प्रारंभिक जांच में कोई स्पष्ट सुराग नहीं मिला है। फिलहाल यह मामला आत्महत्या या हत्या, दोनों में से किसी भी दिशा में हो सकता है।
प्रशासन ने किशोर के परिजनों को सूचना दे दी है और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।

“परिजनों को सूचना दे दी गई है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। जो भी दोषी होंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।”
जगुनाथ रेड्डी, एसएसपी, दरभंगा


सुरक्षा व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल

इस घटना ने बाल सुधार गृह की सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी तंत्र पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
जिला प्रशासन ने तत्काल एक उच्च स्तरीय जांच समिति गठित करने का निर्णय लिया है।

इस समिति में सुधार गृह के कर्मचारियों, सुरक्षाकर्मियों और चिकित्सकों से पूछताछ की जाएगी।
एसएसपी ने बताया कि फॉरेंसिक टीम को बुलाया गया है और सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है ताकि घटना की सच्चाई सामने लाई जा सके।


किशोर न्याय अधिनियम क्या कहता है?

भारत में किशोर न्याय (बालकों की देखभाल और संरक्षण) अधिनियम, 2015 बच्चों के अधिकारों और सुरक्षा से जुड़ा एक अहम कानून है।
यह अधिनियम उन बच्चों के लिए बनाया गया है —
जो या तो कानून के उल्लंघन में शामिल हैं या देखभाल और संरक्षण की आवश्यकता में हैं।

यह कानून संयुक्त राष्ट्र बाल अधिकार संधि (UNCRC) के सिद्धांतों पर आधारित है, जिसका उद्देश्य बच्चों के सर्वोत्तम हित की रक्षा करना है।


प्रशासन सख्त, रिपोर्ट का इंतजार

प्रशासन ने कहा है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के आधार पर अगली कार्रवाई तय की जाएगी
अगर इसमें लापरवाही या साजिश का मामला सामने आता है, तो जिम्मेदार अधिकारियों पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।

फिलहाल, इस घटना से पूरे दरभंगा जिले में आशंका और आक्रोश का माहौल है। स्थानीय सामाजिक संगठनों ने भी बाल सुधार गृहों की निगरानी व्यवस्था की समीक्षा की मांग उठाई है।


 

  • Related Posts

    दानापुर में ‘मूर्ति चोरनी’ का खेल खत्म! छोटी देवी मंदिर से पीतल की मूर्तियां गायब करने वाली गीता देवी गिरफ्तार; CCTV ने खोल दिया राज

    Share Add as a preferred…

    Continue reading
    भागलपुर में शराब माफिया के ‘मेगा’ प्लान पर फिरा पानी! झारखंड से सहरसा जा रही 847 लीटर विदेशी शराब जप्त; सनोखर पुलिस की बड़ी कामयाबी

    Share Add as a preferred…

    Continue reading