पटना — लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग (PHED) के मंत्री संजय सिंह ने विभागीय कामकाज को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। गुरुवार को आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि कार्य में लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों और संवेदकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। मंत्री ने कहा कि जनता को बेहतर और समयबद्ध सेवाएं देना विभाग की प्राथमिकता है और इसमें किसी भी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
संवेदकों की कार्यप्रणाली पर सवाल, दी कड़ी चेतावनी
प्रेस वार्ता के दौरान मंत्री संजय सिंह ने कहा कि विभाग को लगातार संवेदकों की कार्यशैली को लेकर शिकायतें मिल रही हैं। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि जो संवेदक तय समय पर काम पूरा नहीं करेंगे या गुणवत्ता में लापरवाही करेंगे, उन्हें न केवल ब्लैकलिस्ट किया जाएगा बल्कि भविष्य में PHED के किसी भी कार्य में शामिल होने का मौका भी नहीं दिया जाएगा।
मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी परियोजनाओं की नियमित समीक्षा की जाए और जिन संवेदकों के खिलाफ शिकायतें सत्य पाई जाएं, उन पर तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
बिजली बिल बकाया रखने वालों को नहीं मिलेगा नया काम
PHED मंत्री ने बिजली बिल भुगतान को लेकर भी सख्त निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि जिन संवेदकों या एजेंसियों पर बिजली बिल का बकाया है, उन्हें विभाग की ओर से कोई नया काम आवंटित नहीं किया जाएगा। पहले बकाया राशि का भुगतान अनिवार्य रूप से करना होगा, इसके बाद ही उन्हें आगे की जिम्मेदारी दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि इससे विभागीय परियोजनाओं में पारदर्शिता आएगी और वित्तीय अनुशासन भी सुनिश्चित होगा।
जोनल समीक्षा बैठकें जारी, अगली बैठक पूर्णिया और भागलपुर में
मंत्री संजय सिंह ने बताया कि विभागीय कार्यों की समीक्षा के लिए जोनल स्तर पर बैठकें की जा रही हैं। मुजफ्फरपुर जोन में पहले ही समीक्षा बैठक हो चुकी है, जबकि गुरुवार को पटना में अधिकारियों के साथ बैठक आयोजित की गई।
उन्होंने कहा कि अगली समीक्षा बैठक पूर्णिया में होगी, इसके बाद भागलपुर जोन में भी अधिकारियों और संवेदकों के साथ बैठक कर विभागीय योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की जाएगी।
सेवाओं की गुणवत्ता सुधारने पर जोर
PHED मंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि राज्य के हर नागरिक तक स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल की आपूर्ति समय पर सुनिश्चित की जाए। इसके लिए विभागीय अधिकारियों, कर्मचारियों और संवेदकों को जिम्मेदारी के साथ काम करना होगा। लापरवाही करने वालों के लिए विभाग में कोई जगह नहीं होगी।


