
सुपौल | मंगलवार बिहार के सुपौल जिले में किसानों को उचित दर पर उर्वरक उपलब्ध कराने के लिए प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। इसी क्रम में जिलाधिकारी सावन कुमार और पुलिस अधीक्षक शरथ आर एस ने संयुक्त रूप से राघोपुर प्रखंड के सिमराही स्थित एक थोक उर्वरक विक्रेता के प्रतिष्ठान पर औचक निरीक्षण किया।
इस अचानक हुई कार्रवाई से क्षेत्र के उर्वरक विक्रेताओं में हड़कंप मच गया।
स्टॉक और वितरण प्रणाली की गहन जांच
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने प्रतिष्ठान में उपलब्ध उर्वरकों के भौतिक स्टॉक, भंडारण व्यवस्था और स्टॉक रजिस्टर का मिलान किया।
सावन कुमार और शरथ आर एस ने यह भी सुनिश्चित किया कि किसानों को निर्धारित सरकारी दरों पर ही खाद उपलब्ध कराया जा रहा है या नहीं।
स्टॉक रजिस्टर और वास्तविक भंडार का गहन सत्यापन कर किसी भी संभावित गड़बड़ी की जांच की गई।
कालाबाजारी पर सख्त चेतावनी
जिलाधिकारी सावन कुमार ने स्पष्ट किया कि उर्वरकों की आपूर्ति और वितरण में किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कालाबाजारी या अधिक कीमत वसूलने की शिकायत सही पाई गई, तो संबंधित विक्रेताओं के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन का मुख्य उद्देश्य किसानों को समय पर और उचित मूल्य पर खाद उपलब्ध कराना है।
मौके पर मौजूद रहे कई अधिकारी
इस निरीक्षण के दौरान अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) वीरपुर, जिला कृषि पदाधिकारी, अनुमंडल कृषि पदाधिकारी और प्रखंड कृषि पदाधिकारी भी मौजूद रहे।
अधिकारियों ने प्रतिष्ठान से जुड़े सभी आवश्यक दस्तावेजों की जांच की और मौके पर मौजूद किसानों से भी बातचीत कर फीडबैक लिया।


