
अंतर्राष्ट्रीय हॉकी महासंघ देगा सहयोग, “ग्रासरूट टू ग्लोरी” विषय पर विचार गोष्ठी
पटना, 5 सितंबर 2025।राज्य खेल अकादमी, राजगीर को जल्द ही एशियाई हॉकी महासंघ की मान्यता मिलने वाली है और अंतर्राष्ट्रीय हॉकी महासंघ भी इसका सहयोग करेगा। यह घोषणा अंतर्राष्ट्रीय हॉकी महासंघ (FIH) के अध्यक्ष डॉ. तैयब एकराम ने की।
खेल विभाग एवं बिहार राज्य खेल प्राधिकरण द्वारा राजगीर खेल अकादमी के हॉल में आयोजित “ग्रासरूट टू ग्लोरी – ऑल अबाउट हॉकी” विषयक विचार गोष्ठी में उन्होंने कहा कि एशियाई देशों के प्रशिक्षकों में प्रतिभा की कमी नहीं है, ज़रूरत है उन्हें पहचानने और उचित आर्थिक व तकनीकी सहयोग देने की।
विचार गोष्ठी में उठे अहम मुद्दे
इस गोष्ठी में महिला हॉकी के विकास, खेल विज्ञान और तकनीक की भूमिका, प्रशिक्षकों की महत्ता, हॉकी के पुनरुद्धार में राज्य और केंद्र सरकार की नीतियाँ तथा बुनियादी स्तर पर मजबूत खेल पारिस्थितिकी तंत्र के निर्माण जैसे मुद्दों पर विशेषज्ञों ने अपने विचार रखे।
विचार गोष्ठी का संचालन बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक सह मुख्य कार्यकारी अधिकारी रवीन्द्रण शंकरण ने किया। उन्होंने “मशाल” जैसी प्रतिभा खोज प्रतियोगिताओं का उल्लेख करते हुए कहा कि बिहार सरकार खिलाड़ियों के सर्वांगीण विकास को लेकर प्रतिबद्ध है।
सरकार की पहल और योजनाएँ
श्री शंकरण ने बताया कि:
- मेडल जीतने वाले खिलाड़ियों को सरकारी नौकरी और आर्थिक सहयोग दिया जा रहा है।
- प्रेरणा योजना के तहत 3 लाख रुपये तक की सहायता दी जाती है, ताकि युवा खिलाड़ी किट, पोषण और प्रशिक्षण की व्यवस्था कर सकें।
- हीरो एशिया कप 2025 में कई स्थानीय बच्चे “बॉल बॉय” और “बॉल गर्ल” के रूप में शामिल हैं, जो भविष्य में देश का नेतृत्व कर सकते हैं।
विशेषज्ञों और खिलाड़ियों के विचार
- प्रीतम रानी (पूर्व भारतीय महिला हॉकी खिलाड़ी): कम संसाधनों में भी मेहनत और लगन से लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
- भोला नाथ सिंह (महासचिव, हॉकी इंडिया): इंटरनेशनल टूर्नामेंट के दौरान इस तरह का कॉनक्लेव पहली बार हो रहा है। खिलाड़ियों को मेहनत और आत्मविश्वास से खेलना चाहिए।
हीरो एशिया कप से जुड़ा कार्यक्रम
ज्ञात हो कि 29 अगस्त से 7 सितंबर तक हीरो एशिया कप 2025 राजगीर खेल परिसर में आयोजित हो रहा है। आज मैच अवकाश होने के कारण इस विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया।


