
पटना: राजधानी के पॉश इलाके शास्त्री नगर में हुए चर्चित फायरिंग केस का पटना पुलिस ने खुलासा कर दिया है। कारोबारी पर हुए जानलेवा हमले के मामले में पुलिस ने तेज कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस ऑपरेशन को पटना पुलिस और STF की संयुक्त टीम ने अंजाम दिया, जिसमें तकनीकी जांच और CCTV फुटेज की अहम भूमिका रही।
घटना कैसे हुई थी
31 मार्च की रात शास्त्री नगर थाना क्षेत्र के शिवपुरी अपार्टमेंट के पास एक कारोबारी पर अचानक हमला हुआ था। बाइक सवार हमलावरों ने पीछे से आकर ताबड़तोड़ गोलियां चलाईं, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां इलाज के बाद अब उनकी स्थिति स्थिर बताई जा रही है।
पुलिस की कार्रवाई और गिरफ्तारी
घटना के बाद पटना पुलिस ने विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया। CCTV फुटेज, कॉल डिटेल और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस आरोपियों तक पहुंचने में सफल रही।
इस मामले में शिवम चौधरी और चंदन कुमार को गिरफ्तार किया गया है। दोनों पर आरोप है कि उन्होंने हमलावरों को लॉजिस्टिक सपोर्ट दिया और घटना के बाद सबूत मिटाने की कोशिश की।
बरामद हथियार और सामान
पुलिस ने आरोपियों के पास से हथियारों का बड़ा जखीरा बरामद किया है, जिसमें शामिल हैं:
- 3 पिस्टल
- 1 देसी कट्टा
- 4 मैगजीन
- 22 जिंदा कारतूस
- घटना में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल
- 2 मोबाइल फोन
- 1 DVR
इन बरामदगी से यह साफ होता है कि घटना सुनियोजित तरीके से अंजाम दी गई थी।
मुख्य शूटर अब भी फरार
पुलिस के अनुसार, इस हमले का मुख्य शूटर अभी भी फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही उसे भी पकड़ लिया जाएगा और पूरे मामले का पर्दाफाश हो जाएगा।
रंजिश बनी हमले की वजह
प्रारंभिक जांच में यह मामला आपसी और व्यावसायिक रंजिश से जुड़ा बताया जा रहा है। पुलिस को पूछताछ के दौरान कई अहम सुराग मिले हैं, जिससे यह संकेत मिलता है कि इस हमले के पीछे एक बड़ी साजिश रची गई थी।
पुलिस का बयान और आगे की कार्रवाई
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि मामले की जांच अभी जारी है और इसमें शामिल किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है, जबकि फरार आरोपियों की तलाश तेज कर दी गई है।
सुरक्षा व्यवस्था पर असर
इस घटना ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल जरूर खड़े किए, लेकिन पुलिस की त्वरित कार्रवाई ने यह संदेश भी दिया है कि कानून व्यवस्था को चुनौती देने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।


