
पटना, 28 नवंबर 2025: बिहार के डिप्टी सीएम और नए गृह मंत्री सम्राट चौधरी ने शुक्रवार को कुम्हरार विधानसभा क्षेत्र में आयोजित कार्यकर्ता सम्मान समारोह में शिरकत की। कार्यक्रम के बाद मीडिया से बातचीत में उन्होंने राबड़ी देवी के सरकारी आवास विवाद पर कड़ा रुख अपनाते हुए राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के परिवार पर सीधा हमला बोला।
“सरकार जनता चुनती है, किसी की बपौती नहीं” — सम्राट चौधरी
सम्राट चौधरी ने कहा कि बिहार की सरकार जनता की है, किसी व्यक्ति या परिवार की जागीर नहीं। उन्होंने कहा—
“ये सरकार जनता चुनती है। जनता का घर है… किसी की बपौती नहीं। सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट साफ कर चुके हैं कि पूर्व मुख्यमंत्रियों को स्थायी रूप से सरकारी आवास रखने का अधिकार नहीं है।”
सम्राट ने यह भी याद दिलाया कि यह मामला खुद तेजस्वी यादव सुप्रीम कोर्ट लेकर गए थे और अदालत ने पूर्व मुख्यमंत्रियों को आवास allot न करने का नियम कायम रखा।
राबड़ी आवास खाली करने का नोटिस बना राजनीतिक तकरार का मुद्दा
हाल ही में भवन निर्माण विभाग की ओर से राबड़ी देवी को 10 सर्कुलर रोड आवास खाली करने का नोटिस भेजा गया था।
नेता प्रतिपक्ष होने के नाते उन्हें नया आवास पहले ही आवंटित कर दिया गया है।
लेकिन राजद प्रदेश अध्यक्ष मंगनी लाल मंडल ने ऐलान किया कि—
“किसी भी सूरत में आवास खाली नहीं किया जाएगा।”
यही बयान अब राजनीतिक संग्राम का कारण बन गया है।
“ये लोग अराजकता वाले, गुंडागर्दी वाले… सरकार ने दिया है तो खाली करना ही होगा”
सम्राट चौधरी ने गुरुवार को दिए अपने बयान में राजद पर तीखा हमला किया। उन्होंने कहा—
“राबड़ी देवी को नेता विरोधी दल के तौर पर नया घर मिल गया है। फिर भी उनके नेता बोल रहे हैं कि आवास खाली नहीं करेंगे। यही तो मैं कहता था… ये लोग अराजकता और गुंडागर्दी वाले लोग हैं।”
उन्होंने आगे सवाल उठाया:
“सरकार ने जो घर दिया वह सम्मान के तौर पर दिया, लेकिन आप कहते हैं कि खाली नहीं करेंगे— ये अधिकार आपको किसने दिया?”
सरकार बनाम राजद: 10 सर्कुलर रोड पर टकराव बढ़ा
इस विवाद ने बिहार की नई सरकार और राजद के बीच तनाव को और तेज कर दिया है।
एक ओर शासन पक्ष इसे कानूनी और प्रशासनिक प्रक्रिया मान रहा है, जबकि राजद इसे राजनीतिक बदले की कार्रवाई बता रहा है।
फिलहाल, सबकी नजर इस पर है कि क्या राबड़ी परिवार नोटिस मानकर आवास खाली करेगा या इसका टकराव आगे और बढ़ेगा।


