नाबार्ड की मदद से ग्रामीण संपर्क को रफ्तार, अब तक 4820 किमी से अधिक सड़कों का निर्माण

पटना, 19 जुलाई: बिहार में ग्रामीण संपर्क को मजबूती देने के लिए नाबार्ड सहायता प्राप्त योजना के अंतर्गत 4820 किलोमीटर से अधिक सड़कों का निर्माण पूरा कर लिया गया है। 2023 सड़कों की स्वीकृति में से अब तक 1853 सड़कों का निर्माण कार्य संपन्न हो चुका है। राज्य के नालंदा, गया और पटना जिलों का प्रदर्शन सबसे बेहतर रहा है।

जिलावार प्रगति रिपोर्ट में नालंदा सबसे आगे

ग्रामीण कार्य विभाग द्वारा जारी ताज़ा रिपोर्ट के अनुसार, नालंदा जिले में 214 में से 199 सड़कों का निर्माण पूर्ण हो चुका है, जिनकी कुल लंबाई 370.71 किलोमीटर है।
गया जिला दूसरे स्थान पर है, जहां 129 में से 120 सड़कों का निर्माण हुआ है और कुल 365.78 किमी सड़कों का विकास हुआ है।
पटना जिला तीसरे स्थान पर है, जहां 166 में से 156 सड़क परियोजनाएं पूर्ण हुई हैं और 328.21 किमी सड़कें बन चुकी हैं।

शीर्ष 10 जिले (निर्मित सड़कों की लंबाई के अनुसार):

स्थानजिलानिर्मित सड़कों की लंबाई
1नालंदा370.71 किमी
2गया365.78 किमी
3पटना328.21 किमी
4औरंगाबाद244.86 किमी
5दरभंगा235.39 किमी
6पूर्वी चंपारण230.77 किमी
7मुंगेर202.75 किमी
8रोहतास176.46 किमी
9जहानाबाद169.61 किमी
10सीतामढ़ी151.35 किमी

गोपालगंज, किशनगंज और नवादा में कार्य लगभग पूर्ण

इनके अतिरिक्त गोपालगंज, किशनगंज और नवादा जिलों में भी सड़क निर्माण कार्य लगभग समाप्ति की कगार पर है, जिससे इन क्षेत्रों में भी ग्रामीण आवागमन को बल मिलेगा।

“यह विकास की नई राह है” – ग्रामीण कार्य मंत्री

इस अवसर पर ग्रामीण कार्य विभाग के मंत्री अशोक चौधरी ने कहा,

नाबार्ड सहायता प्राप्त योजना के तहत बिहार में ग्रामीण सड़कों का जो निर्माण कार्य हुआ है, वह राज्य के बुनियादी ढांचे के सशक्तिकरण की दिशा में एक प्रेरक कदम है। समयबद्ध ढंग से 1853 सड़कों का निर्माण इस बात का प्रमाण है कि राज्य सरकार की योजनाएं धरातल पर सफलतापूर्वक क्रियान्वित हो रही हैं।”


 

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