पटना, 9 सितंबर 2025:बिहार सरकार के राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग द्वारा चलाए जा रहे राजस्व महाअभियान (16 अगस्त से 20 सितंबर 2025) के तहत राज्य के ग्रामीण परिवारों को जमाबंदी पंजी की प्रति उपलब्ध कराने और पंचायत स्तर पर शिविर लगाकर आवेदन लेने का कार्य तेजी से जारी है।
महाअभियान की प्रगति
- शिविर संख्या: 19 अगस्त से 8 सितंबर तक राज्य के सभी 38 जिलों में 7,514 शिविर आयोजित।
- प्राप्त आवेदन: कुल 12,90,200 आवेदन प्राप्त।
- जमाबंदी में सुधार: 9,13,230
- ऑफलाइन जमाबंदी को ऑनलाइन करने के लिए: 1,69,973
- उत्तराधिकार नामांतरण: 63,049
- बंटवारा नामांतरण: 54,650
- शीर्ष जिलों में आवेदन:
- औरंगाबाद: 90,188
- अररिया: 88,900
- पटना: 70,794
- अन्य प्रमुख जिले: गया, मधुबनी, सुपौल, दरभंगा, नालंदा, गोपालगंज, समस्तीपुर
जमाबंदी पंजी वितरण की स्थिति
- राज्य में कुल 3.60 करोड़ जमाबंदी पंजी की प्रति में से 2.80 करोड़ (77.86%) वितरण।
- शीर्ष प्रदर्शन करने वाले जिले:
- जहानाबाद: 92.40%
- सीतामढ़ी: 91.96%
- शिवहर: 90.91%
- मुजफ्फरपुर, कैमूर, खगड़िया, अररिया, बक्सर, वैशाली, मधेपुरा आदि जिले भी शीर्ष 20 में शामिल।
- अन्य जिले जैसे बेगूसराय, गया, कटिहार, सहरसा, समस्तीपुर, मुंगेर, नालन्दा, बांका में भी वितरण संतोषजनक।
महाअभियान का उद्देश्य और प्रक्रिया
- अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार सिंह ने बताया कि महाअभियान का लक्ष्य है कि 15 सितंबर तक सभी पात्र परिवारों को जमाबंदी पंजी की प्रति उपलब्ध कराई जाए।
- प्रक्रिया:
- सभी जिलों में मौजा स्तर पर जमाबंदी पंजी की प्रति, आवेदन प्रपत्र और पंपलेट उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
- रैयत आवेदन पंचायत में जमा करेंगे, मोबाइल पर OTP आएगा और आवेदन रजिस्टर्ड होगा।
- शिविर में आने वाले सभी रैयतों के आवेदन स्वीकार किए जाएंगे।
- कार्य: जमाबंदी पंजी की गलतियों में सुधार, छूटी हुई जमाबंदी को ऑनलाइन करना, उत्तराधिकार नामांतरण और बंटवारा नामांतरण।
इस महाअभियान से ग्रामीण जनता को जमाबंदी पंजी की सही प्रति, आवेदन की पारदर्शी प्रक्रिया और तेजी से सेवा उपलब्ध होगी, जिससे भूमि रिकॉर्ड में सुधार और प्रशासनिक सुविधा सुनिश्चित होगी।


