भागलपुर | बिहार में जमीन सुधार और राजस्व का काम संभालने वाले कर्मचारी अब आर-पार के मूड में हैं। गुरुवार को भागलपुर में ‘बिहार राज्य भूमि सुधार कर्मचारी संघ’ के बैनर तले राजस्व कर्मचारी एक दिवसीय धरने पर बैठ गए। जिलाधिकारी (DM) कार्यालय के पीछे आयोजित इस प्रदर्शन में जिले भर से आए कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
सबसे बड़ी मांग: ‘अपने जिले में मिले पोस्टिंग’
धरना दे रहे कर्मचारियों का सबसे बड़ा दर्द ‘घर से दूरी’ है। उनका कहना है:
- हम लंबे समय से अपने गृह जिले से दूर-दराज के इलाकों में तैनात हैं।
- इससे न केवल हमें मानसिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, बल्कि परिवार की देखभाल करना भी मुश्किल हो गया है।
- मांग: सरकार अविलंब ट्रांसफर पॉलिसी में सुधार करे और सभी राजस्व कर्मचारियों को उनके गृह जिला (Home District) में पदस्थापित करे।
जेब पर मार: 1900 नहीं, 2800 ग्रेड पे चाहिए
पोस्टिंग के अलावा सैलरी को लेकर भी कर्मचारियों में भारी गुस्सा है। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि महंगाई के इस दौर में 1900 रुपये का ग्रेड पे नाकाफी है।
- यह पद की गरिमा और काम के बोझ के हिसाब से बहुत कम है।
- इसे बढ़ाकर कम से कम 2800 रुपये किया जाना चाहिए।
- कर्मचारियों का आरोप है कि उनकी ये मांगें वर्षों से फाइलों में धूल फांक रही हैं, लेकिन सरकार कोई ठोस निर्णय नहीं ले रही।
सरकार को अल्टीमेटम: ‘यह तो बस अंगड़ाई है’
संघ के पदाधिकारियों ने प्रशासन और सरकार को खुली चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि आज का यह एक दिवसीय धरना सिर्फ एक संकेत है। अगर सरकार ने जल्द ही हमारी मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं की, तो आंदोलन को और व्यापक और उग्र रूप दिया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी शासन की होगी।


