नई दिल्ली, 19 सितंबर 2025:लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने गुरुवार को चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि आयोग सुनियोजित तरीके से कांग्रेस समर्थक मतदाताओं के नाम सूची से हटा रहा है और मुख्य निर्वाचन आयुक्त “लोकतंत्र की हत्या करने वालों को बचा रहे हैं।”
राहुल गांधी का दावा
- कर्नाटक के आलंद विधानसभा क्षेत्र का हवाला देते हुए राहुल ने कहा कि कांग्रेस समर्थक वोटरों के नाम सॉफ्टवेयर के जरिए हटाए गए।
- 2023 चुनाव में यहां 6018 नाम सूची से काटे गए, और यह संख्या और भी अधिक हो सकती है।
- जिन लोगों के नाम हटाए गए, उन्हें इसकी कोई जानकारी तक नहीं थी।
- राहुल ने चेतावनी दी कि यदि आयोग सात दिन के भीतर कर्नाटक सीआईडी को सभी सबूत नहीं देता तो “देश मानेगा कि आयोग गड़बड़ी करने वालों की रक्षा कर रहा है।”
चुनाव आयोग की सफाई
चुनाव आयोग ने राहुल गांधी के आरोपों को असत्य और निराधार बताया।
- आयोग ने कहा कि दिसंबर 2022 में आलंद से वोटरों के नाम हटाने के लिए 6,018 ऑनलाइन आवेदन मिले थे।
- जांच में सिर्फ 24 आवेदन सही पाए गए, बाकी फर्जी थे।
- खुद निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी ने 21 फरवरी 2023 को मामले की एफआईआर दर्ज कराई।
- कर्नाटक के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने सितंबर 2023 में ही सभी जानकारी सीआईडी और पुलिस अधीक्षक, कलबुर्गी को सौंप दी थी।
बड़ा सवाल
राहुल गांधी और कांग्रेस जहां इसे “लोकतंत्र पर हमला” बता रहे हैं, वहीं चुनाव आयोग ने अपनी कार्रवाई का हवाला देकर आरोपों को खारिज कर दिया है। अब नजर इस बात पर है कि कर्नाटक CID की जांच आगे क्या निष्कर्ष निकालती है।


