पुलिस भर्ती अभ्यर्थियों को मिली राहत, आंदोलनकारी के आगे सरकार ने टेके घुटने

बिहार पुलिस बहाली को लेकर आंदोलन कर रहे स्टूडेंट के लिए यह काफी अच्छी खबर है। केंद्रीय चयन पार्षद के अब निर्णय लिया गया है कि EWS या NCL का जो सर्टिफिकेट है, जिस आधार पर यह लोग आंदोलन कर रहे थे। अब उस सर्टिफिकेट के आधार पर किसी को भी आयोग्य नहीं ठहराया जाएगा। केंद्रीय पार्षद ने बुधवार को कहा कि पूरे मामले में समान प्रशासन विभाग को पत्र लिखकर आगे की जानकारी और आगे का आदेश मांगा गया है।

केंद्रीय पार्षद ने कहा है कि जो भी अभ्यर्थी दौड़ कार्यक्रम में भाग लेंगे, वह जो प्रमाण पत्र लेकर आएंगे उसी आधार पर वह भाग ले सकते हैं, लेकिन उनको अयोग्य नहीं ठहराया जाएगा यह बड़ी राहत दे दी गई है। नोटिफिकेशन में कहा गया है कि केन्द्रीय चयन पर्षद (सिपाही भर्ती) ने विषयांकित विज्ञापन के तहत शारीरिक दक्षता परीक्षा (PET) एवं दस्तावेज सत्यापन का कार्यक्रम दिनांक 09.12.2024 से निर्धारित है।

पूर्व प्रकाशित विज्ञापन की कण्डिका 17 में BC एवं EBC आरक्षण को कोटि के अभ्यर्थियों से संबंधित (NCL) की कट-ऑफ तिथि और EWS आरक्षण कोटि के अभ्यर्थियों के प्रमाण पत्र की काल अवधि एवं कट-ऑफ तिथि अंकित न होने के कारण इन प्रमाण पत्रों के लिए कट-ऑफ तिथि आदि पर मार्गदर्शन के लिए सामान्य प्रशासन विभाग को निर्देश दिया गया है।

इधर, नोटिफिकेशन में सभी अभ्यर्थियों को सूचित किया गया है कि दिनांक 09.12.2024 से आयोजित शारीरिक दक्षता परीक्षा (PET) एवं दस्तावेज सत्यापन में उक्त आरक्षण कोटि के अभ्यर्थियों को उक्त प्रमाण पत्रों की काल अवधि अथवा निर्गम तिथि के आधार पर अयोग्य/ असफल घोषित नहीं किया जायेगा। इस पर निर्णय विभाग से प्राप्त निदेश के आलोक में लिया जाएगा। शेष बिंदु पर निर्णय विज्ञापन एवं पूर्व प्रकाशित सूचनानुसार रहेंगे।

मालूम हो कि, बिहार पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा को लेकर पटना में हजारों की संख्या में सफल अभ्यर्थी अब अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए हैं।धरने पर बैठे अभ्यार्थियों का कहना है कि जुलाई 2023 में सिपाही भर्ती परीक्षा के लिए बिहार सरकार के द्वारा जो विज्ञापन निकाला गया था उसमें EWS (Economically Weaker Section) और NCL (Non Creamy Layer) सर्टिफिकेट की मांग नहीं की गई थी जोकि अब की जा रही है। अभ्यर्थियों का आरोप है कि 2023 में जब सिपाही भर्ती परीक्षा का विज्ञापन निकाला गया था, इसल‍िए EWS और NCL सर्टिफिकेट भी उसी साल का मांगा जा रहा है।

लिखित परीक्षा में सफल अभ्यर्थियों का कहना है कि जब परीक्षा की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और परीक्षा के परिणाम भी घोषित कर दिए गए हैं।अब क्यों EWS और NCL सर्टिफिकेट की मांग की जा रही है।इसी को लेकर सफल अभ्यर्थियों में जबरदस्त आक्रोश नजर आ रहा था।अभ्यर्थियों का कहना था है क्योंकि 2023 सिपाही भर्ती परीक्षा के लिए निकाले गए विज्ञापन में EWS और NCL सर्टिफिकेट की मांग नहीं की गई थी। इसी कारण से कई अभ्यर्थियों ने यह सर्टिफिकेट नहीं बनवाया था और यह सोचा था कि जरूरत पड़ेगी तो बाद में बनवा लेंगे। मगर अब केंद्रीय चयन पर‍िषद द्वारा वर्ष 2022 का EWS और NCL सर्टिफिकेट मांगा जा रहा है जो अब नहीं बनवाया जा सकता है।

  • Related Posts

    बिहार का मौसम बदल रहा करवट: दिन में बढ़ी गर्मी, 9–11 मार्च के बीच आंधी-बारिश का येलो अलर्ट

    Share Add as a preferred…

    Continue reading

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *