ड्राइवरों की हड़ताल से बिहार में यात्री परेशान, ट्रेनों में भारी भीड़; पेट्रोल पंप पर लंबी लाइन

हिट एंड रन’ के नए कानून के विरोध में लगातार दूसरे दिन मंगलवार को भी बस-ट्रक के चालक हड़ताल पर हैं। बस ड्राइवरों की हड़ताल के कारण यात्रियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं बिहार के कई जिलों में पेट्रोल पंप पर लंबी कतारें भी देखने को मिली। बता दें कि सोमवार को बिहार, यूपी, उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़, पंजाब, महाराष्ट्र गुजरात और दिल्ली में बस-ट्रक के चालक हड़ताल पर चले गए।

इस कानून के विरोध में देशभर के संगठन तीन जनवरी को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करेंगे। दरअसल, केंद्र सरकार द्वारा सड़क हादसों पर नियंत्रण करने के लिए ‘हिट एंड रन’ कानून में बदलाव किया जा रहा है। ड्राइवर इसका विरोध कर रहे हैं। चालकों की हड़ताल से ट्रकों व बसों के पहिये थम गए।

वहीं सीवान, छपरा, मोतिहारी, बेतिया, कुशीनगर, मुजफ्फरपुर, हाजीपुर, दिल्ली, सिलीगुड़ी, टाटा, रांची व अन्य स्थानों के लिए बसों के नहीं चलने से यात्री भटकते रहे। ऑल इंडिया ट्रक चालक संगठन के आह्वान पर ट्रक चालकों के हड़ताल पर रहने से ट्रांसपोर्टरों व व्यवसायियों को भी नुकसान उठाना पड़ा। चालकों ने कई जिलों में जगह-जगह सड़क जामकरप्रदर्शन किया। पटना के ग्रामीण इलाकों, पटना-गया, बिहटा-सरमेरा समेत पटना-बख्तियारपुर फोरलेन पर भी हड़ताल का व्यापक असर रहा।

नवादा में यात्री सेवा पूरी तरह ठप दिखी। नवादा से पटना, गया, जमुई, झारखंड के कई जिले और कोलकाता जाने वाली बसों के पहिए थम गए। ट्रेनों में भारी भीड़ देखने को मिली। हालांकि अभी तक पेट्रोल पंप पर स्थिति सामान्य बनी हुई है। वहीं बेगूसराय में एनएच-31 व एनएच-28 पर सोमवार को करीब सात घंटे तक जाम की स्थिति रही। सासाराम-चौसा पथ को जाम कर दिया किया। हाजीपुर में फल-सब्जी लाने वाले एक भी ट्रक नहीं पहुंचे।

ये भी पढ़े..

NEET आंदोलन की गूंज बांकीपुर उपचुनाव तक! छात्र प्रदर्शन से बदलेगा चुनावी समीकरण या बरकरार रहेगा BJP का गढ़?

Share Add as a preferred…