
बेटी के प्रेमी ने ही रचाई थी साजिश, 8 आरोपी गिरफ्तार
पटना, 16 जुलाई — राजधानी पटना के सुल्तानगंज थाना क्षेत्र में 13 जुलाई को दिनदहाड़े हुए अधिवक्ता जितेंद्र कुमार की हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। महज 24 घंटे में पुलिस ने हत्या की साजिश रचने वाले मुख्य सूत्रधार सहित आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पटना एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने मंगलवार को प्रेस वार्ता कर इस सनसनीखेज वारदात की जानकारी दी।
चाय की दुकान पर मारी गई थी गोली
मृतक जितेंद्र कुमार सुल्तानगंज के मोहम्मदपुर के निवासी थे और पटना सिविल कोर्ट में अधिवक्ता के रूप में प्रैक्टिस करते थे। 13 जुलाई की दोपहर करीब 2 बजे वह अशोक राजपथ स्थित एक चाय की दुकान पर गए थे, जहां पहले से घात लगाए बैठे अपराधियों ने उन पर ताबड़तोड़ तीन गोलियां चलाईं, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
बेटी के प्रेमी ने करवाई हत्या
एसएसपी कार्तिकेय शर्मा के अनुसार, इस हत्या की साजिश जितेंद्र कुमार की बड़ी बेटी के प्रेमी मोहम्मद शोएब उर्फ सोनू ने रची थी। सोनू एक शादीशुदा व्यक्ति और पेशे से एसी मैकेनिक है। वकील की बेटी से उसका प्रेम संबंध था, जिसका परिवार विरोध कर रहा था।
2022 में दोनों ने कोर्ट मैरिज भी की थी, लेकिन पिता के दबाव में बेटी वापस घर आ गई थी। इसी रंजिश में सोनू ने 1.5 लाख रुपये की सुपारी देकर अधिवक्ता की हत्या करवा दी। 10 हजार रुपये अग्रिम दिए गए थे और शेष राशि वारदात के बाद देने की बात कही गई थी।
आठ आरोपी गिरफ्तार, शूटर आदित्य ने मारी थी गोली
हत्या में शामिल मुख्य शूटर आदित्य कुमार ने अधिवक्ता जितेंद्र को गोली मारी, जबकि अनुरंजन कुमार बाइक चला रहा था। इनके साथ अन्य छह आरोपी भी इस साजिश में शामिल थे। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त एक पिस्टल, दो मैगजीन, पांच जिंदा कारतूस, एक चोरी की बाइक और अन्य आपत्तिजनक सामग्री भी बरामद की है।
बेटी से की जा रही पूछताछ
पटना पुलिस का कहना है कि मृतक की बेटी से भी पूछताछ की जा रही है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि क्या वह इस षड्यंत्र में किसी प्रकार से शामिल थी। अभी तक की जांच में उसकी भूमिका स्पष्ट नहीं हुई है।
पुलिस की तत्परता से खुला मामला
एसएसपी ने कहा कि यह केस पुलिस के लिए चुनौतीपूर्ण था, क्योंकि वारदात व्यस्त इलाके में दिनदहाड़े हुई थी। सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्य और खुफिया जानकारी के आधार पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी आरोपियों को धर दबोचा।


