बिहार विधानसभा में काले कुर्ते में विपक्ष, सफेद कुर्ते में तेज प्रताप: महागठबंधन से दूरी के सवाल तेज

बिहार विधानसभा के मानसून सत्र में मंगलवार को उस वक्त राजनीतिक हलचल तेज हो गई जब एक ओर पूरा विपक्ष काले कपड़े पहनकर सरकार के खिलाफ विरोध जताता नजर आया, वहीं राजद नेता तेज प्रताप यादव सफेद कुर्ता पहनकर सदन में पहुंचे। उनके इस अलग अंदाज़ और तेजस्वी यादव से दूरी बनाए रखने की शैली ने कई राजनीतिक सवालों को जन्म दे दिया है—क्या तेज प्रताप अब महागठबंधन की लाइन से अलग हो चुके हैं?

बिहार विधानसभा में तेज प्रताप की भूमिका पर उठे सवाल, महागठबंधन से दूरी या रणनीति?

बिहार विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान राजद नेता तेज प्रताप यादव की उपस्थिति ने एक बार फिर राजनीतिक हलकों में चर्चा को जन्म दे दिया है। जहां विपक्ष सरकार के खिलाफ काले कपड़े पहनकर विरोध जता रहा था, वहीं तेज प्रताप यादव सफेद कुर्ता पहनकर विधानसभा पहुंचे, जिससे यह सवाल उठने लगे कि क्या तेज प्रताप अब महागठबंधन के साथ नहीं हैं?

काले कपड़े में विपक्ष, अलग दिखे तेज प्रताप

मंगलवार को विपक्ष के नेता—तेजस्वी यादव और राबड़ी देवी समेत राजद व अन्य विपक्षी दलों के विधायक काले वस्त्रों में नजर आए। यह विरोध ‘Special Input Register (SIR)’ को लेकर था, जिसे विपक्ष जनविरोधी बता रहा है। ऐसे में तेज प्रताप का सफेद परिधान और तेजस्वी यादव से स्पष्ट दूरी सत्ता पक्ष सहित सभी की नजरों में आ गया।

तेज प्रताप बोले: “हमेशा से ऐसा ही चलता हूं”

मीडिया से बातचीत में तेज प्रताप ने सफाई देते हुए कहा,

“मैं ऐसे ही चलता हूं, हमेशा से… सादा जीवन, उच्च विचार।”

उन्होंने कहा कि वे काले कपड़े सिर्फ शनिवार को ही पहनते हैं।

“शनिचरा ग्रह मेरे ऊपर है, इसलिए शनिवार को ही काला कपड़ा पहनता हूं। सनातन परंपरा का पालन करता हूं।”

सदन में मौजूद, लेकिन कार्यवाही से दूरी

तेज प्रताप यादव सोमवार और मंगलवार दोनों दिन सदन में उपस्थित तो रहे, लेकिन उन्होंने कार्यवाही में भाग नहीं लिया। केवल अटेंडेंस दर्ज कराकर बाहर निकल गए। इससे भी यह संकेत मिला कि वे महागठबंधन के रणनीतिक विरोध कार्यक्रमों से अलग रहना पसंद कर रहे हैं।

परिवार और पार्टी से अलग-थलग

सूत्रों के मुताबिक, अनुष्का यादव प्रकरण के बाद लालू प्रसाद यादव ने तेज प्रताप को न सिर्फ पार्टी के भीतर जिम्मेदारियों से दूर किया, बल्कि निजी स्तर पर भी दूरी बना ली गई है। तेज प्रताप इस समय परिवार से अलग रह रहे हैं और अपनी राजनीतिक दिशा को लेकर स्वतंत्र फैसले ले रहे हैं।

चुनाव कहां से लड़ेंगे? जवाब टाल गए तेज प्रताप

जब उनसे आगामी विधानसभा या लोकसभा चुनाव को लेकर सवाल पूछा गया तो उन्होंने कहा,

“इस बारे में समय आने पर बताया जाएगा।”

क्या है तेज प्रताप की भूमिका?

तेज प्रताप यादव का महागठबंधन से औपचारिक अलगाव नहीं हुआ है, लेकिन उनकी गतिविधियां संकेत देती हैं कि वे संगठनात्मक लाइन से अलग सोच और शैली में चल रहे हैं।

  • न तो विपक्षी विरोध कार्यक्रमों में शामिल हो रहे हैं,
  • न ही सदन में सक्रियता दिखा रहे हैं।
  • राजनीतिक बयानबाज़ी से भी बच रहे हैं।

इससे यह अटकलें तेज होती जा रही हैं कि तेज प्रताप आने वाले दिनों में नई राजनीतिक दिशा ले सकते हैं—चाहे वह अलग संगठन के रूप में हो या किसी वैकल्पिक गठबंधन के तहत।

फिलहाल, जवाब तो तेज प्रताप ही दे सकते हैं, लेकिन उनके बर्ताव और उपस्थिति ने कई संकेत जरूर दे दिए हैं।

  • ये भी पढ़े..

    जीविका से बदली सविता की जिंदगी, हुनर और मेहनत के दम पर बनी सफल महिला उद्यमी

    Share Add as a preferred…

    मोहर्रम को लेकर भागलपुर प्रशासन अलर्ट, शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी

    Share Add as a preferred…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *