पटना : बिहार की राजनीति में आज एक और बड़ा मोड़ आया है। विधानसभा के सेंट्रल हॉल में आयोजित राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) विधायक दल की अहम बैठक में नीतीश कुमार को सर्वसम्मति से एनडीए विधायक दल का नेता चुना गया। इस बैठक में एनडीए के कुल 202 विधायकों ने एकमत होकर उनका समर्थन किया और नए नेतृत्व पर मुहर लगा दी।
सम्राट चौधरी ने रखा प्रस्ताव, सभी विधायकों ने दी सहमति
बैठक में डिप्टी सीएम और भाजपा विधायक दल के नेता सम्राट चौधरी ने नीतीश कुमार के नाम का प्रस्ताव रखा।
- जदयू के वरिष्ठ नेता विजेंद्र यादव
- और LJP (रामविलास) के नेता राजू तिवारी
ने भी प्रस्ताव का समर्थन किया।
समूचे एनडीए गठबंधन ने एकजुटता का परिचय देते हुए नीतीश कुमार को पुनः अपना नेता स्वीकार किया।

नीतीश कुमार ने सौंपा इस्तीफा, समर्थन पत्र भी राज्यपाल को भेजा गया
विधायक दल का नेता चुने जाने के तुरंत बाद नीतीश कुमार राजभवन पहुंचे और उन्होंने गवर्नर आरिफ मोहम्मद खान को अपना इस्तीफा सौंप दिया।
साथ ही एनडीए घटक दलों के नेताओं ने—
- नई सरकार के गठन के लिए
- नीतीश कुमार के समर्थन में
संयुक्त पत्र भी राज्यपाल को सौंप दिया।
यह कदम नई सरकार के गठन की दिशा में अंतिम औपचारिकता को पूरा करता है।
एनडीए नेताओं के साथ राजभवन पहुंचे नीतीश, नई सरकार बनाने का दावा पेश
इस्तीफा सौंपने के बाद नीतीश कुमार ने राज्यपाल से मुलाकात की और नई सरकार बनाने का दावा पेश किया।
उनके साथ एनडीए के शीर्ष नेता भी राजभवन पहुंचे, जिनमें—
- सम्राट चौधरी
- विजय कुमार सिन्हा
- चिराग पासवान
- जदयू और भाजपा के शीर्ष पदाधिकारी
शामिल रहे।
इस मुलाकात के बाद राज्य में नई सरकार के गठन का रास्ता पूरी तरह साफ हो गया है।
कल होगा सरकार गठन, गांधी मैदान में भव्य शपथ ग्रहण की तैयारी
सूत्रों के मुताबिक, नीतीश कुमार ने राज्यपाल को शपथ ग्रहण समारोह के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि—
- गुरुवार को पटना के गांधी मैदान में नई सरकार का शपथ ग्रहण होगा
- नीतीश कुमार 10वीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे
- एनडीए कोटे से दो डिप्टी सीएम भी शपथ लेंगे
- लगभग 18–20 मंत्रियों के शपथ लेने की संभावना है
गांधी मैदान में तैयारियाँ जोर-शोर से जारी हैं और सुरक्षा व्यवस्था भी मजबूत की जा रही है।
एनडीए की एकजुटता का बड़ा संदेश
आज की बैठक और उसके तुरंत बाद किए गए राजनीतिक कदम यह साफ संदेश देते हैं कि—
- एनडीए एकजुट है
- नेतृत्व को लेकर किसी प्रकार की खींचतान नहीं
- नीतीश कुमार पर गठबंधन का पूरा भरोसा
नई सरकार के गठन के साथ बिहार की राजनीति में एक और नया अध्याय शुरू होने जा रहा है, जिसका नेतृत्व फिर एक बार नीतीश कुमार के हाथों में होगा।


