पटना/गया।बिहार एक बार फिर ऐतिहासिक पलों का गवाह बनने जा रहा है। यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कल अपनी 53वीं बिहार यात्रा पर गयाजी पहुँच रहे हैं। यह दौरा सिर्फ़ एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि बिहार के विकास की नई दिशा तय करने वाला महाकुंभ माना जा रहा है।
ज्ञान और मोक्ष की धरती पर मोदी जी का आगमन
बोधगया की पवित्र भूमि, जहाँ से विश्व को शांति और मोक्ष का संदेश मिला, अब विकास का नया मंत्र सुनने को तैयार है। प्रधानमंत्री मोदी यहाँ से बिहार को बड़ी-बड़ी परियोजनाओं की सौगात देंगे।
प्रधानमंत्री जी की प्रमुख घोषणाएँ और सौगातें
- गंगा पर नया उड़ान भरता सेतु
पीएम मोदी 1,871 करोड़ की लागत से बने 8.15 किमी लंबे औंटा-सिमरिया 6-लेन गंगा पुल का उद्घाटन करेंगे। यह पुल बिहार की रफ़्तार को पंख देने वाला है। - रेल से जुड़ी ऐतिहासिक पहल
- गया से दिल्ली के बीच अमृत भारत एक्सप्रेस को हरी झंडी।
- वैशाली से कोडरमा तक बौद्ध सर्किट ट्रेन की शुरुआत।
- डबल इंजन सरकार की गति
बिहार को प्रधानमंत्री ने भरोसा दिलाया – “इस रफ़्तार को अब कोई रोक नहीं सकता।”
केंद्र सरकार की सौगातें
- ₹3 लाख करोड़ का निवेश : 13 ग्रीन फील्ड एक्सप्रेस वे और इंडस्ट्रियल कॉरिडोर 2024 तक तैयार।
- हवाई कनेक्टिविटी : पटना एयरपोर्ट का पुनर्विकास, दरभंगा चालू, पूर्णिया तैयार, बिहटा अंतिम चरण में।
- रेलवे :
- बिहार को अब तक 1 नमो भारत, 10 वंदे भारत, 6 अमृत भारत।
- 98 रेलवे स्टेशनों का कायाकल्प।
- शिक्षा :
- बोधगया में IIM, भागलपुर में IIIT, IIT पटना का विस्तार।
- राष्ट्रीय खाद्य प्रौद्योगिकी संस्थान, विक्रमशिला सेंट्रल यूनिवर्सिटी की स्थापना।
- स्वास्थ्य : पटना एम्स के बाद दरभंगा में दूसरा एम्स बन रहा है।
- रोज़गार व कृषि :
- मखाना बोर्ड – 5 लाख लोगों को रोजगार।
- जीविका दीदियों को 3 लाख तक के लोन पर ब्याज रियायत।
बिहार सरकार की उपलब्धियाँ
- 125 यूनिट मुफ्त बिजली : 1.68 करोड़ परिवार होंगे लाभान्वित।
- नौकरी-रोजगार : अब तक 50 लाख युवाओं को रोज़गार, लक्ष्य 1 करोड़।
- महिला सशक्तिकरण : सरकारी नौकरियों में 35% आरक्षण, पुलिस में 30% महिला भागीदारी।
- सामाजिक सुरक्षा : बुजुर्ग, विधवा, दिव्यांग पेंशन ₹400 से बढ़ाकर ₹1100।
- अस्पताल व शिक्षा : पीएमसीएच दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा अस्पताल बनने जा रहा है।
- गांव-पंचायत विकास : 8 हजार पंचायतों में मैरिज हॉल, आशा-ममता और रसोइयों का मानदेय दोगुना।
भागलपुर की सौगातें
- विक्रमशिला सेतु के समानांतर नया फोर लेन पुल।
- मुंगेर से भागलपुर तक मरीन ड्राइव।
- अजगैबीनाथ कॉरिडोर का निर्माण।
- विक्रमशिला-कटरिया रेल पुल (26 किमी, ₹2,549 करोड़)।
- औद्योगिक कॉरिडोर और मेगा टेक्सटाइल पार्क की तैयारी।
- सैंडिस कंपाउंड का सौन्दर्यीकरण।
- भागलपुर एयरपोर्ट की प्रक्रिया तेज़।
विपक्ष पर तीखा प्रहार
- विपक्ष सिर्फ़ भीड़ देखकर खुश होता है, जैसे सर्कस में लोग जोकर देखने जाते हैं।
- राहुल गांधी पर तंज – “जो सुप्रीम कोर्ट से फटकार खाते हैं, वो सिस्टम को चुनौती देते हैं।”
- लालू-राबड़ी राज की याद – बूथ कैप्चरिंग, बैलेट बॉक्स में स्याही डालना, यही था उनका लोकतंत्र।
- कांग्रेस ने जगजीवन राम को प्रधानमंत्री नहीं बनने दिया, अब दलितों के नाम पर राजनीति करती है।
- वोटर अधिकार यात्रा विपक्ष का नया ढोंग – घुसपैठियों और अपराधियों का बचाव।
सबका साथ, सबका विकास – भाजपा का मूल मंत्र
- पहली बार देश के शीर्ष चार पदों पर पिछड़े, दलित और आदिवासी समाज का प्रतिनिधित्व।
- ओबीसी समाज से आने वाले मोदी जी, नंदकिशोर यादव जी और अब सीपी राधाकृष्णन उपराष्ट्रपति उम्मीदवार।
- राष्ट्रपति पद पर कलाम साहब (मुस्लिम), रामनाथ कोविंद (दलित), द्रौपदी मुर्मू (आदिवासी महिला) – भाजपा ने इतिहास रचा।
125 यूनिट मुफ्त बिजली – गरीबों के घर में खुशियाँ
- 1 अगस्त 2025 से 1.68 करोड़ परिवारों को 125 यूनिट तक मुफ्त बिजली।
- अब तक 14 हजार गांव से बढ़कर हर घर में बिजली।
- 2005 में 17 लाख उपभोक्ता, 2025 में 2.12 करोड़।
- नबीनगर में देश का दूसरा सबसे बड़ा पावर प्लांट ₹29,947 करोड़ से बन रहा है।
कुल मिलाकर प्रधानमंत्री मोदी की 53वीं बिहार यात्रा सिर्फ़ उद्घाटन नहीं, बल्कि बिहार के सुनहरे भविष्य का खाका पेश करने वाली साबित होगी।


