
मुजफ्फरपुर/मीनापुर | 02 मार्च, 2026: मुजफ्फरपुर जिले के मीनापुर प्रखंड से एक ऐसी घटना सामने आई है जिसने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। पानापुर ओपी थाना क्षेत्र के एक गांव में, जहाँ अभी एक बेटी की शादी की खुशियाँ पूरी तरह सिमटी भी नहीं थीं, वहीं तीसरी नंबर की नाबालिग बेटी के अचानक गायब होने से कोहराम मच गया है। परिजनों ने पड़ोस के ही एक विशेष समुदाय के युवक पर ‘लव जिहाद’ के तहत अपहरण का गंभीर आरोप लगाया है।
खुशियों के बीच मातम: विदाई के 48 घंटे बाद वारदात
घटना की पृष्ठभूमि भावुक कर देने वाली है। पीड़िता की मां के अनुसार, परिवार में चार बेटियां हैं।
- 21 फरवरी: सबसे बड़ी बेटी की शादी धूमधाम से संपन्न हुई। पूरा घर मेहमानों और खुशियों से भरा था।
- 23 फरवरी: शादी के महज दो दिन बाद, घर की तीसरे नंबर की नाबालिग बेटी अचानक गायब हो गई।
- परिजनों का आरोप: मां का कहना है कि उनकी बेटी को शादी का झांसा देकर और बहला-फुसलाकर अगवा किया गया है। उन्होंने इसे सोची-समझी साजिश और ‘लव जिहाद’ करार दिया है।
पुलिस की थ्योरी: “महज 100 मीटर का फासला”
मामले की गंभीरता को देखते हुए पानापुर ओपी पुलिस ने जांच तेज कर दी है। थाना प्रभारी के अनुसार:
- आरोपी की पहचान: आरोपी युवक उसी गांव का रहने वाला है और उसका घर पीड़िता के घर से मात्र 100 मीटर की दूरी पर है।
- पूर्व परिचय: प्राथमिक जांच में पुलिस को पता चला है कि दोनों के बीच पहले से बातचीत होती थी।
- दोतरफा पहलू: जहाँ परिवार इसे ‘लव जिहाद’ और अपहरण बता रहा है, वहीं स्थानीय स्तर पर कुछ लोग इसे प्रेम-प्रसंग का मामला भी कह रहे हैं। फिलहाल पुलिस ने अपहरण की धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है।
VOB का नजरिया: सुरक्षा और सामाजिक ताना-बाना
मुजफ्फरपुर का यह मामला बेहद संवेदनशील है। एक तरफ नाबालिग लड़की की सुरक्षा का सवाल है, तो दूसरी तरफ दो समुदायों के बीच बढ़ता तनाव। अभी दूसरी बेटी की शादी होनी बाकी है, ऐसे में परिवार का मानसिक और सामाजिक दबाव समझा जा सकता है। पुलिस के लिए चुनौती यह है कि वह ‘प्रेम प्रसंग’ और ‘अपहरण’ के बारीक फर्क को निष्पक्षता से जांचे और नाबालिग को जल्द से जल्द बरामद करे।


