नई दिल्ली | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से फोन पर बातचीत की। दोनों नेताओं ने भारत–रूस संबंधों को “नया आयाम” देने पर सहमति जताई।
मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट कर बताया—
“मेरे दोस्त राष्ट्रपति पुतिन से सार्थक बातचीत हुई। उन्होंने यूक्रेन युद्ध की ताज़ा स्थिति से अवगत कराया। भारत हमेशा इस विवाद के शांतिपूर्ण समाधान का पक्षधर है। साल के अंत में मैं पुतिन की भारत में मेजबानी करने के लिए उत्सुक हूं।”
विदेश मंत्रालय के अनुसार, पुतिन को 23वें वार्षिक भारत–रूस सम्मेलन के लिए औपचारिक निमंत्रण दिया गया है।
वैश्विक राजनीति में बढ़ी अहमियत
यह वार्ता ऐसे समय हुई है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप रूस से तेल खरीदने के मुद्दे पर भारत पर दबाव बढ़ा रहे हैं। ट्रंप ने भारत पर 50% टैरिफ लगाने का ऐलान किया है, जो 27 अगस्त से लागू होगा। इससे पहले मोदी ने ब्राजील के राष्ट्रपति से भी टेलीफोनिक वार्ता की थी।
चीन ने दिखाई नरमी
इस बीच, चीन ने प्रधानमंत्री मोदी की इस माह के अंत में होने वाले शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के तियानजिन शिखर सम्मेलन में संभावित भागीदारी का स्वागत किया है। बीजिंग ने इसे क्षेत्रीय सहयोग के लिए “सकारात्मक संकेत” बताया।


