
मोतिहारी: बिहार के पूर्वी चंपारण जिले में पुलिस ने अवैध हथियार निर्माण के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक मिनी गन फैक्ट्री का पर्दाफाश किया है। छापेमारी के दौरान पुलिस ने 500 से अधिक हैंडमेड और अर्धनिर्मित कारतूस, हथियार बनाने की मशीनें, विस्फोटक और बड़ी मात्रा में रासायनिक सामग्री बरामद की है। मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि पूरे नेटवर्क की गहन जांच जारी है।
गुप्त सूचना पर हुई बड़ी कार्रवाई
पुलिस अधीक्षक स्वर्ण प्रभात ने बताया कि चकिया थाना क्षेत्र के ओझा टोला में अवैध रूप से गन फैक्ट्री चलने की सूचना मिली थी। इसके बाद एसडीपीओ चकिया और पकड़ीदयाल के नेतृत्व में विशेष टीम गठित कर संयुक्त छापेमारी की गई।
“गुप्त सूचना के आधार पर विशेष टीम ने कार्रवाई की। जब्त सामग्री से स्पष्ट है कि यहां लंबे समय से अवैध रूप से कारतूस तैयार किए जा रहे थे।”
– स्वर्ण प्रभात, एसपी, पूर्वी चंपारण
500 से ज्यादा कारतूस और विस्फोटक सामग्री बरामद
छापेमारी के दौरान पुलिस ने ओझा टोला के अलावा मेहसी, मधुबन, गड़हिया, फेनहारा और मड़पा इलाके में भी कार्रवाई की। इस दौरान बरामद सामान में शामिल हैं—
- 500 से अधिक हैंडमेड और अर्धनिर्मित कारतूस
- कारतूस बनाने की मशीनें
- मेटल शीट
- गन पाउडर
- नाइट्रिक एसिड
- रेड फॉस्फोरस
- एसीटोन
- चारकोल
- हथियार निर्माण में प्रयुक्त अन्य उपकरण और रासायनिक सामग्री
पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ में शुरुआती जानकारी मिली है कि वे अवैध रूप से कारतूस बनाकर विभिन्न क्षेत्रों में सप्लाई करते थे। इस नेटवर्क से जुड़े अन्य संदिग्धों को भी हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
पुलिस का मानना है कि पूछताछ में अवैध हथियार तस्करी से जुड़े बड़े गिरोह का खुलासा हो सकता है और नेटवर्क के तार जिले से बाहर तक जुड़े होने की भी आशंका है।
सफल कार्रवाई पर पुलिस टीम को मिलेगा इनाम
इस कार्रवाई में शामिल पुलिस टीम की सराहना करते हुए एसपी स्वर्ण प्रभात ने 25 हजार रुपये के पुरस्कार की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि जिले में अवैध हथियार निर्माण और तस्करी के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में होंगे बड़े खुलासे
पुलिस ने बताया कि मामले की विस्तृत जानकारी एसडीपीओ चकिया प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से साझा करेंगे। फिलहाल फरार आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है और पूरे नेटवर्क की हर कड़ी को खंगाला जा रहा है।


