हाजीपुर: चिकित्सा शिक्षा और शिव भक्ति का अनूठा संगम बिहार के हाजीपुर में देखने को मिला है। एक पारा मेडिकल छात्रा ने महाशिवरात्रि के अवसर पर बाबा पातालेश्वर नाथ को समर्पित शिव विवाह गीत की रचना कर सबका ध्यान आकर्षित किया है। खास बात यह है कि गीत का संगीत और गायन भी आधुनिक AI तकनीक की मदद से तैयार किया गया है।
मेडिकल पढ़ाई के साथ भक्ति का संगम
हाजीपुर एसडीओ रोड निवासी 18 वर्षीय अनंता आर्या, जिन्होंने ISC पास करने के बाद बिहार के कंबाइंड पारा मेडिकल एग्जाम में सफलता हासिल की, ने अपनी खुशी में भक्ति गीत लिखा। उन्हें एनेस्थीसिया टेक्नीशियन ट्रेड में चयन मिला है।
अनंता ने बताया कि बाबा पातालेश्वर नाथ के दर्शन के दौरान उन्हें गीत लिखने की प्रेरणा मिली। उन्होंने गीत लिखा, उसका संगीत और आवाज AI टूल्स के जरिए तैयार की और वीडियो एडिटिंग भी स्वयं की।
प्राचीन शिव बारात को दी नई पहचान
भजन ‘गौरा ब्याहन आए ओघड़ दानी’ में हाजीपुर की प्रसिद्ध पौराणिक शिव बारात के वास्तविक दृश्य शामिल किए गए हैं। इस बारात की खासियत यह है कि केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय स्वयं बैलगाड़ी चलाकर बारात का नेतृत्व करते हैं, जो वर्षों से चली आ रही परंपरा है।
भव्य परंपरा की झलक
बाबा पातालेश्वर नाथ मंदिर से निकलने वाली शिव बारात में सैकड़ों झांकियां, बैंड-बाजे और ढोल-नगाड़े शामिल होते हैं। यह बारात पूरे शहर का भ्रमण करते हुए कचहरी मैदान में जाकर समाप्त होती है।
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा भजन
गीत के बोल — ‘कण-कण गूंजे बम-बम भोला… गौरा ब्याहन आए ओघड़ दानी’ — शिव भक्तों को काफी पसंद आ रहे हैं। श्रद्धालुओं का कहना है कि अनंता ने हाजीपुर की सांस्कृतिक विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का सराहनीय प्रयास किया है।
AI टेक्नोलॉजी का किया इस्तेमाल
अनंता के मुताबिक, उन्होंने गूगल और यूट्यूब से सीखकर AI टूल्स के जरिए संगीत और आवाज तैयार की। इसके लिए उन्हें कुछ खर्च भी करना पड़ा, लेकिन परिणाम उनकी उम्मीदों के मुताबिक रहा।
परिवार और शिक्षक ने की सराहना
अनंता की मां विनीता पाठक और उनके शिक्षक राजन कुमार ने उनकी रचनात्मकता की तारीफ की। शिक्षक ने कहा कि पढ़ाई में अव्वल रहने के साथ इतनी सुंदर रचना करना बेहद प्रेरणादायक है।
आगे का सपना
अनंता का कहना है कि वह मेडिकल की पढ़ाई के साथ-साथ भक्ति गीत लिखना भी जारी रखना चाहती हैं और भविष्य में भी ऐसी रचनाएं करती रहेंगी।


