भागलपुर |बिहार में लगातार एक्शन मोड में पुलिस प्रशासन सक्रिय है। इसी क्रम में भागलपुर रेंज के IG विवेक कुमार ने लापरवाही बरतने के आरोप में भागलपुर और बांका के चार पुलिस अधिकारियों को निलंबित कर दिया। आईजी ने केसों की समीक्षा के दौरान गंभीर अनियमितताएं पाई थीं।
बांका और भागलपुर में एक्शन
रेंज आईजी ने कार्रवाई करते हुए—
- भागलपुर शहर के विश्वविद्यालय थाना अध्यक्ष बलवीर विलक्षण
- बांका जिले के तीन अधिकारी: अंचल इंस्पेक्टर देवानंद पासवान, थानाध्यक्ष राकेश कुमार और अवर निरीक्षक बृजेश कुमार
को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
क्यों हुई कार्रवाई?
भागलपुर के थानाध्यक्ष बलवीर विलक्षण पर आरोप
जांच में सामने आया कि—
- एक दर्जन केसों को बिना वजह लंबित रखा
- मुख्यालय के आदेश के बावजूद मालखाना का प्रभार नहीं लिया
- कई मामलों में दस्तावेज और सूची तैयार नहीं की
- अज्ञात शव की पहचान में रुचि नहीं दिखाई
- कई आरोपितों के सत्यापन का प्रयास नहीं किया
- एक अपहरण मामले में भी कोई रुचि नहीं दिखाई, न ही अपहृता की बरामदगी की कोशिश की
इन गंभीर लापरवाहियों के बाद IG ने उन्हें निलंबित कर दिया।
बांका के टाउन थाना के तीन पुलिसकर्मी सस्पेंड
IG विवेक कुमार ने बांका के टाउन थाना से जुड़े दो मामलों की समीक्षा के दौरान पाया कि—
- अंचल इंस्पेक्टर देवानंद पासवान
- थानाध्यक्ष राकेश कुमार
- अवर निरीक्षक बृजेश कुमार
ने अनुसंधान और पर्यवेक्षण में घोर लापरवाही बरती।
इसके चलते तीनों पर कार्रवाई करते हुए निलंबन का आदेश जारी किया गया।
कई मामलों में गंभीर चूक
समीक्षा के दौरान IG ने पाया कि—
- घरेलू विवाद से जुड़े कई केसों में जांच में भारी अनियमितता
- बयान लेने के बाद भी BNS की धाराओं में जरूरी संशोधन नहीं किया गया
- ओडिशा और यूपी के आरोपितों का सत्यापन नहीं हुआ
- केसों में आरोपितों की गिरफ्तारी की कोई कोशिश नहीं की गई
इन सभी बिंदुओं पर कार्रवाई करते हुए अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया।
IG विवेक कुमार का बयान
“जिन केसों के अनुसंधान और पर्यवेक्षण में निलंबित पदाधिकारियों ने घोर लापरवाही की है, उन केसों का पर्यवेक्षण SHO से कराने का निर्देश दिया गया है।”
— विवेक कुमार, IG, भागलपुर रेंज


