नई दिल्ली: बिहार के लारा परियोजना से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में राष्ट्रीय जनता दल प्रमुख लालू प्रसाद यादव, पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी और बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव को दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट से अंतरिम राहत मिली है।
अदालत ने गुरुवार को इस मामले में आरोप तय करने से संबंधित निर्णय सुरक्षित रख लिया। अब कोर्ट इस पर 3 मार्च को आदेश सुना सकता है। यह मामला लालू परिवार सहित कुल 19 आरोपियों के खिलाफ दर्ज है।
कोर्ट ने फैसला रखा सुरक्षित
राउज एवेन्यू कोर्ट में हुई सुनवाई के दौरान आरोप तय किए जाने को लेकर बहस पूरी हुई, जिसके बाद अदालत ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया। अगली सुनवाई में यह तय होगा कि आरोपियों पर औपचारिक रूप से आरोप तय किए जाएंगे या नहीं।
आईआरसीटीसी मामले में भी जारी है कानूनी प्रक्रिया
इससे पहले भारतीय रेल पर्यटन एवं खानपान निगम (IRCTC) से जुड़े कथित घोटाले के मामले में भी कानूनी कार्रवाई जारी है। बुधवार (11 फरवरी) को ट्रायल कोर्ट के आरोप तय करने के फैसले के खिलाफ लालू यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव की याचिका पर सुनवाई हुई थी, जहां केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने दिल्ली हाई कोर्ट में इसका विरोध किया।
सीबीआई का तर्क था कि आरोपी यह कहकर ट्रायल से बच नहीं सकते कि ट्रायल कोर्ट द्वारा संज्ञान लेते समय अभियोजन की मंजूरी नहीं थी।
3 मार्च पर टिकी सबकी नजरें
लारा परियोजना से जुड़े इस मनी लॉन्ड्रिंग केस में अब अगली महत्वपूर्ण तारीख 3 मार्च होगी, जब अदालत अपना फैसला सुनाएगी। राजनीतिक और कानूनी हलकों में इस मामले को लेकर लगातार नजर बनी हुई है।


