जानिए कौन है ऑटो रिक्शा ड्राइवर का बेटा, जिसने मचाया चेन्नई के खिलाफ अपनी फिरकी से कहर

मुंबई इंडियन्स ने रविवार को आईपीएल 2025 के अपने पहले मुकाबले में चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ मुकाबले में 156 रन के लक्ष्य का बचाव करते हुए बांए हाथ के स्पिनर विग्नेश पुथुर को इम्पैक्ट प्लेयर के रूप में टीम में शामिल किया। मैदान पर उतरते ही विग्नेश ने अपनी फिरकी का जादू दिखाया और पिच पर पैर जमा चुके सीएसके के कप्तान रुतुराज गायकवाड़ को कैच कराकर चलता कर दिया। इसके बाद उन्होंने शिवम दुबे और दीपक हुड्डा को भी कैच कराकर चलता कर दिया। चेन्नई की टीम जल्दी-जल्दी तीन विकेट गंवाकर बैकफुट पर नजर आने लगी। ऐसे में हर कोई ये जानने को बेकरार हो गया कि कौन है विग्नेश पुतुर?

पहले ही मैच में चटकाए तीन अहम विकेट

23 वर्षीय विग्नेश पुतुर मूल रूप से केरल के मलप्पुरम के रहने वाले हैं। उनके पिता ऑटो चालक हैं। मुंबई इंडियन्स के खोजी दल ने उन्हें ढूंढकर टीम 30 लाख रुपये की कीमत पर अपनी टीम में शामिल किया है। बांए हाथ के कलाई के स्पिनर विग्नेश ने एमआई के लिए डेब्यू करते ही विकेटों की झड़ी लगा दी। विग्नेश ने अपने पहले ही ओवर में रुतुराज गायकवाड़ का बेशकीमती विकेट लिया। विग्नेश ने गायकवाड़ को ऑफ स्टंप के बाहर एक फुल लेंथ बॉल फेंकी, जिसे उन्होंने सीधे विल जैक्स के हाथों में मारा। अपने दूसरे ओवर में विग्नेश ने शिवम दुबे को कैच आउट करा दिया। दीपक हुड्डा पुथुर के तीसरे शिकार बने। हुड्डा स्लॉग स्वीप के प्रयास में डीप स्क्वायर लेग फील्डर के हाथों लपके गए।

32 रन देकर चटकाए 3 विकेट

विग्नेश ने अपने आईपीएल डेब्यू में 4 ओवर में 32 रन देकर 3 विकेट अपने नाम किए। मुंबई की टीम में वापसी कराई लेकिन उनका वो प्रयास टीम को जीत दिलाने के लिए नाकाफी साबित हुआ।

सीनियर लेवल पर नहीं किया है केरल का प्रतिनिधित्व

पुथुर ने केरल का अबतक सीनियर लेवल पर प्रतिनिधित्व नहीं किया है। उन्होंने राज्य की टीम के लिए अंडर-14 और अंडर-19 स्तर पर क्रिकेट खेली है। केरल क्रिकेट लीग में विग्नेश एलेप्पी रिपल्स के लिए खेलते नजर आए। जहां उन्होंने तीन मैचों में केवल दो विकेट लिए और इसके बाद तमिलनाडु प्रीमियर लीग में भी हिस्सा लिया।

तेज गेंदबाज से बने स्पिनर

क्रिकेटर के रूप में अपने शुरुआती दिनों में विग्नेश ने मध्यम गति और स्पिन गेंदबाजी करते थे। लेकिन उन्हें स्थानीय क्रिकेटर मोहम्मद शेरिफ ने लेग स्पिन गेंदबाजी करने की सलाह दी। पुथुर को इससे पहले नहीं पता था कि ‘चाइनामैन’ गेंदबाजी क्या होती है। लेकिन वो अपनी गेंदबाजी पर काम करते रहे। अपने क्रिकेट करियर को आगे बढ़ाने के लिए विग्नेश त्रिशूर चले गए। वहां सेंट थॉमस कॉलेज के लिए खेलते हुए वो केरल कॉलेज प्रीमियर टी20 लीग में सबसे ज्यादा विकेट हासिल करने वाले गेंदबाजों में शामिल थे। जॉली रोवर्स क्रिकेट क्लब के लिए खेलते हुए किए शानदार प्रदर्शन ने उन्हें केसीएल में एलेप्पी रिपल्स टीम में जगह दिलाई। इस मौके ने उनके करियर को पूरी तरह बदल दिया।

  • Related Posts

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *