बिहार के जमुई जिले में ट्रेन हादसे के बाद रेल परिचालन बुरी तरह प्रभावित रहा। झाझा–जसीडीह रेलखंड पर मालगाड़ी के पलटने और घने कोहरे के कारण दिल्ली–हावड़ा मुख्य रेलमार्ग पर ट्रेनों का आवागमन प्रभावित हुआ, जिससे यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
14 ट्रेनें रद्द, 53 ट्रेनों के रूट बदले
रेलवे ने सुरक्षा को देखते हुए 14 ट्रेनों को अगले आदेश तक रद्द कर दिया है, जिनमें 6 मेमू ट्रेनें शामिल हैं। इसके अलावा 53 ट्रेनों के रूट डायवर्ट किए गए हैं। इनमें लोकल ट्रेनों के साथ-साथ लंबी दूरी की प्रमुख ट्रेनें भी शामिल हैं।
पटना–हावड़ा रूट हुआ डायवर्ट

पटना से हावड़ा जाने वाली ट्रेनों का परिचालन अब गया रूट से किया जा रहा है।
पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन (डीडीयू) से गुजरने वाली कई ट्रेनों के भी मार्ग बदले गए हैं।
वहीं पटना–हावड़ा वंदे भारत एक्सप्रेस को गया रूट से आसनसोल तक डायवर्ट कर दिया गया है।
हावड़ा–राजेंद्र नगर एक्सप्रेस रद्द
रेलवे ने हावड़ा–राजेंद्र नगर एक्सप्रेस, जो मधुपुर मार्ग से होकर जसीडीह–पटना जाती है, को अगले आदेश तक रद्द कर दिया है।
इसके अलावा पंजाब मेल को जसीडीह से बांका–किऊल मार्ग से चलाया जा रहा है।
पटना–धनबाद समेत कई ट्रेनों का बदला मार्ग

साउथ बिहार एक्सप्रेस को आसनसोल से डायवर्ट कर पुराने मार्ग से चलाया जा रहा है। पटना–धनबाद एक्सप्रेस और पाटलिपुत्र एक्सप्रेस का रूट भी बदला गया है। टाटा–बक्सर एक्सप्रेस को आसनसोल से गया होते हुए पटना तक डायवर्ट किया गया है।
वहीं अकाल तख्त एक्सप्रेस को आसनसोल–पटना के बीच रद्द कर, गया होते हुए सीधे डीडीयू तक चलाया जा रहा है।
ये ट्रेनें रहीं रद्द
रेलवे ने जिन ट्रेनों को रद्द किया है, उनमें प्रमुख हैं—
सियालदह–बलिया एक्सप्रेस, हावड़ा–देहरादून कुंभ एक्सप्रेस, मोकामा–हावड़ा एक्सप्रेस, हावड़ा–मोकामा एक्सप्रेस, कोलकाता–सीतामढ़ी मिथिलांचल एक्सप्रेस, हावड़ा–अमृतसर मेल, इसके अलावा सभी जसीडीह–मोकामा, मोकामा–जसीडीह, जसीडीह–झाझा, जसीडीह–किऊल, किऊल–जसीडीह, झाझा–जसीडीह, झाझा–देवघर और देवघर–जसीडीह मेमू ट्रेनें भी रद्द कर दी गई हैं।
मालगाड़ी हादसा: 6–7 बोगियां पुल से लटकी

शनिवार देर रात झाझा–जसीडीह रेलखंड पर टेलवा हॉल्ट ब्रिज के पास बड़ा हादसा हुआ। रात करीब 11 से 12 बजे के बीच आसनसोल की ओर से झाझा अप लाइन पर जा रही सीमेंट लदी मालगाड़ी दुर्घटनाग्रस्त हो गई। हादसे में 16 बोगियां पटरी से उतर गईं, जिनमें से 6–7 बोगियां पुल के नीचे नदी में लटक गईं। कुछ डिब्बे नदी में गिर गए, जबकि कई क्षतिग्रस्त बोगियां अप और डाउन लाइन के आसपास बिखरी पड़ी रहीं।
नक्सल प्रभावित क्षेत्र में हुआ हादसा
हालांकि हादसे के कारणों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है।
बताया जा रहा है कि झाझा, नरगंजो, घोड़पारन, सिमुलतला और टेलवा हॉल्ट से लेकर जसीडीह तक का इलाका जंगल, पहाड़ और नदी क्षेत्र से घिरा हुआ है। वहीं जमुई स्टेशन के आगे अप लाइन पर स्थित कुंदर, भलुई, मननपुर, वशीपुर समेत कई इलाकों में पहले नक्सली घटनाएं हो चुकी हैं, जिससे सुरक्षा एजेंसियां भी सतर्क हैं।


