बिहार के मधुबनी जिले में एक प्राथमिक विद्यालय के शिक्षक पर छात्राओं द्वारा छेड़खानी का गंभीर आरोप लगाए जाने के बाद इलाके में तनाव फैल गया। आरोपों से आक्रोशित ग्रामीणों और अभिभावकों ने आरोपी शिक्षक की जूता-चप्पल से पिटाई कर दी। मामला खजौली प्रखंड अंतर्गत एक प्राथमिक विद्यालय का है।
छात्राओं ने लगाए गंभीर आरोप
विद्यालय की छात्राओं का आरोप है कि संबंधित शिक्षक न सिर्फ छात्राओं, बल्कि विद्यालय में कार्यरत एक महिला शिक्षिका के साथ भी अशोभनीय हरकतें करता था। छात्राओं ने बताया कि शिक्षक उन्हें खेलने के बहाने फील्ड में भेज देता था और फिर उनके साथ गलत व्यवहार करता था। आरोप है कि बच्चों को पैसे का लालच भी दिया जाता था।
छात्राओं ने कहा,
“सर गाल और मुंह छूते रहते हैं। गंदी हरकत करते हैं। बच्चों को कहते हैं फील्ड में खेलने जाओ और फिर बच्चियों के साथ गलत करते हैं। पैसे का लालच भी देते हैं।”
अभिभावकों का फूटा गुस्सा
छात्राओं के आरोप सामने आते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण और अभिभावक स्कूल परिसर में जमा हो गए। गुस्साए लोगों ने आरोपी शिक्षक के खिलाफ जमकर हंगामा किया और उसकी पिटाई कर दी। इस दौरान विद्यालय में अफरा-तफरी मच गई और शैक्षणिक कार्य पूरी तरह बाधित हो गया।
शिक्षक ने आरोपों को बताया झूठा
वहीं आरोपी शिक्षक ने सभी आरोपों को सरासर गलत बताया है। उनका कहना है कि वे बच्चों को अपनी बेटी की तरह मानते हैं और उनके खिलाफ साजिश के तहत झूठे आरोप लगाए गए हैं।
पुलिस ने संभाला मोर्चा
घटना की सूचना मिलते ही खजौली थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने शिक्षक को भीड़ से बचाया और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।
खजौली थाना अध्यक्ष प्रवीण कुमार सिंह ने बताया,
“विद्यालय की घटना को लेकर आवेदन प्राप्त हुआ है। मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस जांच कर रही है। छात्राओं से डीएसपी मनोज राम द्वारा पूछताछ की गई है।”
शिक्षा विभाग की प्रतिक्रिया
पूरे घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिससे मामला और अधिक संवेदनशील हो गया है। प्रभारी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी मधुकांत प्रसाद ने बताया कि उन्हें घटना की जानकारी मिली है।
उन्होंने कहा,
“पंचायत समिति की बैठक के कारण मौके पर नहीं जा सका हूं, लेकिन मामले की जांच कराई जा रही है। दोषी पाए जाने पर संबंधित शिक्षक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।”
कार्रवाई की मांग
शिक्षा के मंदिर में इस तरह के आरोप सामने आने से इलाके में गुस्सा और आक्रोश है। ग्रामीण और अभिभावक आरोपी शिक्षक के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। पुलिस और शिक्षा विभाग की जांच रिपोर्ट के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।


