कोर्ट के आदेश पर भागलपुर में अवैध कब्जा हटाया गया, तिलकामांझी स्थित सुमृत मंडल परिसर की दो दुकानें मुक्त

भागलपुर, 14 सितम्बर।भागलपुर में कोर्ट के आदेश पर तिलकामांझी थाना क्षेत्र के जवारीपुर स्थित सुमृत मंडल परिसर की दो दुकानों को अवैध कब्जे से मुक्त कराया गया। इस कार्रवाई के दौरान कोर्ट के नाजिर, मजिस्ट्रेट और पुलिस बल मौके पर मौजूद रहे।

लीज खत्म, किराया बंद और कब्जा बरकरार

मिली जानकारी के अनुसार, परिसर के मालिक विमल कुमार मंडल ने अपनी दुकानें किराएदार नीरज कुमार झा, प्रोप्राइटर अपराजिता इंटरप्राइजेज को लीज पर दी थीं। यह लीज वर्ष 2014 में ही समाप्त हो गई थी। इसके बाद न तो नवीनीकरण हुआ और न ही किराया अदा किया गया। स्थिति यह रही कि किराएदार ने दुकान खाली करने से साफ इनकार कर दिया और कब्जा बनाए रखा।

2015 से कोर्ट की जंग, आखिर मिला न्याय

दुकान खाली न करने की वजह से 2015 में मकान मालिक विमल कुमार मंडल ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया और बेदखली का मुकदमा दायर किया। लंबे समय तक चली कानूनी लड़ाई के बाद जब किराएदार केस हार गए और नोटिस भी मिल गया, फिर भी दुकानें खाली नहीं की गईं।

आखिरकार कोर्ट प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस बल की मौजूदगी में दोनों दुकानों को मुक्त कराया और मालिक को उसका हक दिलाया।

पहले गोदाम पर भी था कब्जा

यहां यह बताना जरूरी है कि इसी परिसर में स्थित एक गोदाम पर भी नीरज झा ने कब्जा कर रखा था। उस गोदाम को कोर्ट प्रशासन ने इसी साल 31 मार्च 2025 को कब्जे से खाली कराया था।

मालिक ने जताया आभार

दुकानें खाली होने के बाद परिसर के मालिक विमल कुमार मंडल ने संतोष व्यक्त करते हुए कहा—
“मुझे न्यायपालिका पर पूरा भरोसा था। आज मेरा हक मुझे वापस मिला है। मैं कोर्ट और पुलिस प्रशासन का दिल से धन्यवाद करता हूं।”

स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय

इस कार्रवाई को लेकर स्थानीय स्तर पर काफी चर्चा रही। लोगों का कहना है कि यह घटना इस बात का उदाहरण है कि अदालत और प्रशासन की सक्रियता से वर्षों पुराने विवाद का हल निकल सकता है।


 

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