- रक्सौल जंक्शन पर हड़कंप: दिल्ली से लौटी सत्याग्रह एक्सप्रेस (15273) की सफाई के दौरान S-5 कोच में मिला 19 वर्षीय युवक का शव; रेलकर्मियों के उड़े होश
- हत्या या आत्महत्या?: मृतक के गले पर मिले गहरे चोट के निशान; पुलिस मान रही संदिग्ध, एफएसएल (FSL) टीम ने मुजफ्फरपुर से आकर जुटाए साक्ष्य
- शिनाख्त की कोशिश: अब तक नहीं हो पाई है मृतक की पहचान; बेतिया डीएसपी (रेल) ने किया घटनास्थल का मुआयना, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
द वॉयस ऑफ बिहार (रक्सौल/पूर्वी चंपारण)
भारत-नेपाल सीमा पर स्थित रक्सौल जंक्शन के वॉशिंग पिट में शुक्रवार (13 फरवरी, 2026) को एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। यहां खड़ी सत्याग्रह एक्सप्रेस (Satyagraha Express) के एक स्लीपर कोच में एक युवक का शव फंदे से लटकता हुआ मिला। इस घटना के बाद रेल प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया है।
सफाई के दौरान सामने आया सच
ट्रेन संख्या 15273 (सत्याग्रह एक्सप्रेस) दिल्ली से यात्रा पूरी कर रक्सौल पहुंची थी और नियमित रखरखाव के लिए वॉशिंग पिट में खड़ी थी।
- मंजर: शुक्रवार को जब सफाईकर्मी कोच संख्या S-5 की सफाई करने अंदर गए, तो उनकी नजर फंदे से लटकते हुए एक 19-20 वर्षीय युवक पर पड़ी। यह देख उनके होश उड़ गए और उन्होंने तुरंत उच्चाधिकारियों को सूचित किया
गले पर गहरे निशान, हत्या का शक
शव की स्थिति और गले पर मिले निशानों ने मामले को पेचीदा बना दिया है।
- संदेह: प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, युवक के गले पर गहरे जख्म के निशान हैं, जिससे हत्या की आशंका जताई जा रही है। सवाल यह भी उठ रहा है कि वॉशिंग पिट जैसे सुरक्षित क्षेत्र में युवक कैसे पहुंचा और यह घटना कब हुई?
FSL ने की जांच, उंगलियों के निशान लिए
मामले की गंभीरता को देखते हुए बेतिया रेल डीएसपी (DSRP) ने खुद मौके का मुआयना किया।
- वैज्ञानिक जांच: सुराग जुटाने के लिए मुजफ्फरपुर से विधि विज्ञान प्रयोगशाला (FSL) की टीम को बुलाया गया। टीम ने कोच के अंदर से फिंगरप्रिंट्स और अन्य साक्ष्य इकट्ठे किए हैं
रक्सौल जीआरपी थानाध्यक्ष पवन कुमार ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और मृतक की पहचान के प्रयास जारी हैं। रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की असली वजह साफ हो पाएगी
रेलवे परिसर में सुरक्षा पर यह घटना बड़े सवाल खड़े करती है।


