बिहार विद्यालय परीक्षा समिति की इंटरमीडिएट वार्षिक परीक्षा 2026 के परिणाम इस बार कई मायनों में खास रहे। टॉप 26 छात्रों की सूची में 19 लड़कियों ने जगह बनाई, जो शिक्षा के क्षेत्र में बेटियों की बढ़ती भागीदारी और सफलता को दर्शाता है। खासकर वाणिज्य संकाय में लड़कियों का प्रदर्शन बेहद शानदार रहा, जहां टॉप तीनों स्थान पर छात्राओं ने कब्जा जमाया—और तीनों ही पटना की रहने वाली हैं।
कॉमर्स में अदिति कुमारी बनीं स्टेट टॉपर
वाणिज्य संकाय में अदिति कुमारी ने 480 अंक (96%) हासिल कर पूरे राज्य में पहला स्थान प्राप्त किया। वह पटना स्थित सेंट जेवियर स्कूल की छात्रा हैं और बाकरगंज इलाके की निवासी हैं।
साधारण परिवार से असाधारण सफलता
अदिति के पिता अश्विनी कुमार मोबाइल स्पेयर्स की दुकान चलाते हैं, जबकि उनकी मां दीपा कुमारी गृहिणी हैं। परिवार में एक भाई और एक बहन हैं। उनके बड़े भाई बीबीए की पढ़ाई कर रहे हैं और उन्होंने अदिति की पढ़ाई में महत्वपूर्ण सहयोग दिया।
रिजल्ट को लेकर था भरोसा, टॉप बनने की नहीं थी उम्मीद
अदिति ने बताया कि टॉपर्स वेरिफिकेशन के लिए उन्हें पहले ही कॉल आ चुका था और इंटरव्यू भी अच्छा गया था, इसलिए अच्छे अंक आने की उम्मीद थी। हालांकि, स्टेट टॉपर बनने की उन्होंने कल्पना नहीं की थी।
दोपहर में रिजल्ट देखने के बाद जब सभी विषयों में अच्छे अंक दिखे, तो उनकी खुशी का ठिकाना नहीं रहा।
नाम सुनते ही मां से लिपट गईं
अदिति ने रिजल्ट के दौरान लाइव प्रसारण देखा। जैसे ही बोर्ड अध्यक्ष आनंद किशोर ने उनका नाम स्टेट टॉपर के रूप में घोषित किया, वह भावुक हो गईं और अपनी मां के गले लग गईं। इसके बाद उन्होंने सबसे पहले अपने पिता को फोन कर यह खुशखबरी दी।
लगातार बेहतर रहा प्रदर्शन
अदिति का शैक्षणिक रिकॉर्ड शुरू से ही शानदार रहा है।
- 11वीं में 92%
- 12वीं के सेमेस्टर में 97%
शिक्षकों को भी उनसे टॉपर बनने की उम्मीद थी। उनकी मेहनत, अनुशासन और निरंतर सुधार ने उन्हें इस मुकाम तक पहुंचाया।
लक्ष्य: चार्टर्ड अकाउंटेंट बनना
अदिति का सपना चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) बनने का है। उन्होंने इसके लिए पहले से तैयारी शुरू कर दी थी। मई 2025 में रजिस्ट्रेशन कराया और परीक्षा खत्म होते ही फिर से तैयारी में जुट गईं। पढ़ाई के दौरान वह सेल्फ-स्टडी, शिक्षकों, यूट्यूब और एआई की मदद लेती थीं।
परिवार में खुशी का माहौल
अदिति की सफलता से पूरा परिवार भावुक और गर्वित है। उनकी मां ने कहा कि यह उनके जीवन की सबसे बड़ी खुशी है और वह अपनी बेटी के सपनों को पूरा करने में हर संभव सहयोग करेंगी।
वहीं, उनके भाई ने बताया कि अदिति हमेशा अपने लक्ष्य को लेकर समर्पित रही और उसने मेहनत से यह उपलब्धि हासिल की।


