पटना, 08 जुलाई 2025 | बिहार पुलिस ने पटना के प्रख्यात व्यवसायी गोपाल खेमका हत्याकांड का खुलासा करने का दावा किया है। सोमवार को डीजीपी विनय कुमार ने पुलिस मुख्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि हत्या की वजह जमीन विवाद है और इसमें सुपारी किलिंग की पुष्टि हुई है।
जमीन विवाद निकला हत्या की वजह
डीजीपी के मुताबिक, इस केस में गिरफ्तार अशोक साह के घर से बड़ी मात्रा में जमीन संबंधी दस्तावेज बरामद हुए हैं। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि गोपाल खेमका की हत्या भी भूमि विवाद के चलते करवाई गई। यही कारण उनके पुत्र गुंजन खेमका की हत्या में भी रहा था, जिसकी जांच में पहले भी इस एंगल की पुष्टि हुई थी।
सुरक्षा दी गई थी, लेकिन वापस की गई
डीजीपी ने बताया कि वर्ष 2018 में खेमका परिवार को सुरक्षा मुहैया कराई गई थी, जो 2024 तक प्रभावी रही। उसके बाद भी सुरक्षा देने की सिफारिश की गई थी, परंतु खेमका परिवार ने सुरक्षा को वापस कर दिया था।
4 लाख में हुआ था सुपारी सौदा
पुलिस जांच में सामने आया कि अशोक साह ने शूटर उमेश यादव को 4 लाख रुपये की सुपारी दी थी। पहले 50,000 रुपये दिए गए थे, और शेष राशि 5 जुलाई को सुबह जेपी गंगा पथ पर सौंपे गए। शूटर उमेश यादव ने पूछताछ में यह खुलासा किया है।
एक अपराधी एनकाउंटर में ढेर
पुलिस ने इस मामले में शूटर उमेश यादव, सुपारी देने वाला अशोक साह, और एक अन्य को गिरफ्तार किया है। वहीं, एक अन्य अपराधी विकास को पुलिस ने एनकाउंटर में मार गिराया है।
गैंगस्टर अजय वर्मा का कनेक्शन
जांच में यह भी सामने आया है कि इस हत्या में बेउर जेल में बंद कुख्यात गैंगस्टर अजय वर्मा की भी भूमिका है। पुलिस ने इस एंगल से भी पूछताछ शुरू कर दी है।
“घटना स्थल के कैमरा फुटेज, बाइक और शूटर की पहचान से जांच आगे बढ़ी। साक्ष्यों के आधार पर सभी आरोपियों की शिनाख्त और गिरफ्तारी की गई है।”
— विनय कुमार, डीजीपी, बिहार पुलिस


