गया: बिहार के गया जिले में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस और मद्यनिषेध विभाग को बड़ी सफलता हाथ लगी है। कूरियर सेवा की आड़ में हो रही गांजा तस्करी का खुलासा करते हुए पुलिस ने करीब 394 किलोग्राम गांजा बरामद किया है, जिसकी बाजार कीमत लगभग 2 करोड़ रुपये आंकी गई है। इस मामले में दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया गया है।
गुप्त सूचना पर हुई कार्रवाई
जानकारी के अनुसार, 20 मार्च की रात मद्यनिषेध विभाग और बहेरा थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि झारखंड से बिहार में भारी मात्रा में गांजा की खेप लाई जा रही है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक, गया के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (शेरघाटी-2) के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया।
इसके बाद बहेरा-डोभी मार्ग पर सघन वाहन जांच अभियान चलाया गया, जहां देर रात एक संदिग्ध कंटेनरनुमा डाक पार्सल पिकअप वाहन को रोका गया।
कूरियर कंपनी के नाम का किया जा रहा था इस्तेमाल
पुलिस ने जिस वाहन को रोका, उस पर लिखा हुआ था। शुरुआती पूछताछ में वाहन सवारों ने इसे कूरियर का सामान बताया, लेकिन जब पुलिस ने सख्ती दिखाई तो पूरा मामला सामने आ गया।
जांच के दौरान वाहन से प्लास्टिक के बंडलों में छिपाकर रखे गए कुल 108 पैकेट बरामद किए गए, जिनमें 394 किलोग्राम गांजा था।
झारखंड से जहानाबाद तक सप्लाई की थी तैयारी
पूछताछ में गिरफ्तार तस्करों ने बताया कि यह खेप झारखंड के चतरा जिले से बिहार के जहानाबाद ले जाई जा रही थी। पुलिस का मानना है कि इसके पीछे एक संगठित तस्करी गिरोह सक्रिय है, जिसके अन्य सदस्यों की पहचान कर गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
वैशाली के रहने वाले हैं दोनों आरोपी
गिरफ्तार तस्करों की पहचान वैशाली जिले के गणेश कुमार और मोनू कुमार के रूप में हुई है। पुलिस दोनों से पूछताछ कर नेटवर्क के अन्य लिंक खंगालने में जुटी है।
नशा तस्करों पर कसेगा शिकंजा
पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध नशा कारोबार के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और इस तरह के मामलों में संलिप्त लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
गया पुलिस की इस कार्रवाई को नशा तस्करी के खिलाफ बड़ी सफलता माना जा रहा है, जिससे अंतरराज्यीय नेटवर्क के खुलासे की उम्मीद भी बढ़ गई है।


