
सासाराम | सोशल मीडिया पर वायरल होने का नशा युवाओं पर किस कदर हावी है, इसका ताजा मामला सासाराम में देखने को मिला। नेशनल हाईवे के किनारे पुलिस की वर्दी पहनकर और स्कॉर्पियो रोककर वीडियो बना रहे 4 युवकों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने साफ कहा है कि वर्दी का मजाक बनाना अब महंगा पड़ेगा।
1. हाईवे पर नाकाबंदी कर बना रहे थे रील
मामला शनिवार का है। डेहरी मुफस्सिल थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि हाईवे पर कुछ लोग पुलिस की वर्दी में गाड़ियां रोक रहे हैं और वीडियो शूट कर रहे हैं।
- एक्शन: पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची। वहां देखा तो 4 युवक एक बिना नंबर प्लेट की उजले रंग की स्कॉर्पियो के साथ रील बना रहे थे।
- गिरफ्तारी: पुलिस ने मौके से ही दो वीडियो क्रिएटर समेत चारों को दबोच लिया।
2. असली वर्दी, लेकिन हथियार लकड़ी के
रविवार को डेहरी ASP अतुलेश झा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि इनके पास से जो सामान मिला है, वह चौंकाने वाला है।
- बरामदगी: 2 असली पुलिस वर्दी (जिस पर बिहार पुलिस का लोग भी असली है), 2 सेट कॉम्बैट ड्रेस, पिट्ठू बैग, कैप और होलेस्टर।
- हथियार: इनके पास से लोहे और लकड़ी से बनी 2 राइफल और 6 नकली पिस्टल भी मिली हैं, जिनका इस्तेमाल ये वीडियो में असली दिखाने के लिए करते थे।
3. रोहतास और औरंगाबाद के हैं ‘रीलबाज’
गिरफ्तार युवकों की पहचान शत्रुघ्न कुमार, राहुल कुमार और शशि कुमार (तीनों रोहतास निवासी) और प्रिंस कुमार (औरंगाबाद निवासी) के रूप में हुई है।
चेतावनी: वर्दी का गलत इस्तेमाल अपराध है
एएसपी ने सख्त लहजे में कहा कि पुलिस की वर्दी का गलत इस्तेमाल करना संज्ञेय अपराध (Cognizable Offense) है। रील बनाने के चक्कर में कानून हाथ में लेने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी। इस गिरफ्तारी से इलाके के वीडियो क्रिएटर्स में हड़कंप मच गया है।


