बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा है कि अब राज्य कभी पीछे नहीं रहेगा, बल्कि विकास की राह पर तेजी से आगे बढ़ेगा। शिक्षा, स्वास्थ्य, उद्योग और खेल के क्षेत्र में बड़े स्तर पर काम किए जाएंगे। सरकारी चिकित्सकों की निजी प्रैक्टिस पर रोक लगाने की नीति लाई जाएगी, वहीं खिलाड़ियों को सरकारी नौकरी देने की व्यवस्था की जाएगी। मुख्यमंत्री ने यह बातें शुक्रवार को पश्चिम चंपारण से शुरू हुई समृद्धि यात्रा के दौरान जनसभा को संबोधित करते हुए कहीं।
जिलों के विकास पर सरकार का फोकस
सीएम नीतीश कुमार ने कहा कि राज्य सरकार जिलों के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है और इसमें केंद्र सरकार का भी पूरा सहयोग मिल रहा है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में कई नई योजनाएं शुरू होंगी, जिससे बिहार देश के विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल हो सकेगा।
विपक्ष पर साधा निशाना
जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि काम तो उनकी सरकार ही करती है और केंद्र सरकार भी सहयोग करती है, लेकिन कुछ लोग सिर्फ बयानबाजी करते हैं। उन्होंने कहा कि पहले बिहार की स्थिति बेहद खराब थी, लेकिन अब हर क्षेत्र में सुधार हुआ है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि पश्चिम चंपारण जिले के लिए सरकार ने पहले ही 8 योजनाओं को स्वीकृति दी थी, जिन पर काम चल रहा है और जल्द ही इन्हें पूरा कर लिया जाएगा। गंडक नदी के पार वाले प्रखंडों के लिए डिग्री कॉलेज की स्थापना की गई है, ताकि छात्र-छात्राओं को पढ़ाई में परेशानी न हो।
बेतिया और पश्चिम चंपारण में विकास कार्य
सीएम नीतीश कुमार ने कहा कि बेतिया शहर की मुख्य सड़कों का चौड़ीकरण किया जा रहा है। बेतिया स्टेडियम में आधुनिक सुविधाओं का विकास, बाइपास निर्माण, औद्योगिक क्षेत्र का विस्तार और मननपुर से उत्तर प्रदेश सीमा तथा इनरवा से वाल्मीकिनगर तक सड़कों का निर्माण किया जा रहा है। जिले में लव-कुश पार्क का निर्माण भी किया जा रहा है।
सात निश्चय योजना और महिला सशक्तिकरण
मुख्यमंत्री ने कहा कि सात निश्चय योजना के तहत 2025 से 2030 के बीच जिले में कई विकास कार्य कराए जाएंगे। जिले की 6 लाख 62 हजार महिलाओं को 10-10 हजार रुपये की सहायता दी जा चुकी है। रोजगार को बढ़ावा देने के लिए अतिरिक्त 2 लाख रुपये की सहायता भी दी जाएगी।
हर प्रखंड में डिग्री कॉलेज और आदर्श विद्यालय
सीएम नीतीश कुमार ने कहा कि अब हर प्रखंड में उच्च शिक्षा के लिए एक-एक डिग्री कॉलेज और एक-एक आदर्श विद्यालय खोला जाएगा। राज्य में नए उद्योग स्थापित किए जाएंगे, जिससे युवाओं को रोजगार के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा।
शिक्षा और स्वास्थ्य में बड़े सुधार
मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में लड़कियों को साइकिल, पोशाक और छात्रवृत्ति दी गई। अब तक 5 लाख 24 हजार शिक्षकों की बहाली की जा चुकी है। स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने के लिए हर जिले में मेडिकल कॉलेज बनाए गए हैं। सरकारी अस्पतालों की सेवाओं को और बेहतर किया जाएगा और सरकारी डॉक्टरों की निजी प्रैक्टिस पर रोक लगाने की नीति लाई जाएगी।
सोलर, पेंशन और आरक्षण
सीएम ने कहा कि राज्य के हर घर तक बिजली पहुंचाई गई है और अब घरों की छतों पर सोलर पैनल लगाने की व्यवस्था की जा रही है। महिलाओं और वृद्धजनों की पेंशन राशि बढ़ाई गई है। जीविका दीदियों को रोजगार के लिए 2 लाख रुपये की सहायता दी जा रही है। महिलाओं को सरकारी नौकरियों में 35 प्रतिशत आरक्षण दिया गया है।
खिलाड़ियों को मिलेगी सरकारी नौकरी
मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार के सहयोग से बिहार में खेलो इंडिया को बढ़ावा दिया जा रहा है। राज्य के खिलाड़ियों को सरकारी नौकरी दी जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रति व्यक्ति आय दोगुनी करने का लक्ष्य सरकार ने तय किया है। समृद्ध और उद्योग-सशक्त बिहार बनाने की दिशा में काम किया जा रहा है। बंद पड़ी चीनी मिलों को फिर से चालू किया जाएगा।
पश्चिम चंपारण में शिक्षा संस्थानों का विस्तार
सीएम नीतीश कुमार ने कहा कि पहले पश्चिम चंपारण की स्थिति काफी खराब थी, लेकिन अब यहां इंजीनियरिंग कॉलेज, पॉलिटेक्निक, महिला कॉलेज, मेडिकल कॉलेज और पैरामेडिकल संस्थान की स्थापना की गई है। ऑडिटोरियम, सड़क और पुलों का निर्माण कर जिले का हर क्षेत्र में विकास किया गया है।
उन्होंने कहा कि कुमारबाग और चनपटिया की बंद पड़ी चीनी मिलों को चालू किया जाएगा। सभी पंचायतों में सुधा दूध बिक्री केंद्र खोले जाएंगे। सभी प्रखंडों में डिग्री कॉलेज और बेतिया अस्पताल को विशिष्ट अस्पताल के रूप में विकसित किया जाएगा।
153 करोड़ की योजनाओं का शिलान्यास
समृद्धि यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री ने पश्चिम चंपारण जिले में 153 करोड़ रुपये की लागत से 125 योजनाओं का शिलान्यास और 29 करोड़ रुपये की लागत से 36 योजनाओं का उद्घाटन किया। इस दौरान दोनों उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और विजय कुमार सिन्हा, जल संसाधन मंत्री विजय चौधरी, आपदा प्रबंधन मंत्री नारायण साह सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।


